{"_id":"5b75aa6542c79244f852cb7f","slug":"151534437989-ludhiana-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"घर से लापता हुए दो सगे भाईयों के शव अगले दिन नहर से मिले","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
घर से लापता हुए दो सगे भाईयों के शव अगले दिन नहर से मिले
Updated Thu, 16 Aug 2018 10:16 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
घर से लापता किशोर दो भाइयों के शव नहर से मिले
परिजनों का आरोप रिश्तेदार ने हत्या के बाद नहर में फेंके दोनों भाई
गांव सुनेत के रहने वाले बच्चे 13 अगस्त की शाम को घर के पास से हुए थे लापता
अमर उजाला ब्यूरेा
लुधियाना। गांव सनेत स्थित अपने घर से लापता हुए दो सगे भाईयों के शव अगले दिन सिधवां नहर से मिले। शव मिलने के बाद पुलिस नेइस बात की सूचना परिजनों को दी। परिजनों का आरोप है कि अज्ञात लोगों ने बच्चों की हत्या करने के बाद दोनों के शव नहर में फेंक दिए, जबकि पुलिस का कहना है कि बच्चे नहर में नहाने उतरे थे और डूबने से दोनों की मौत हो गई। पुलिस की बात से असंतुष्ट परिजनों ने वीरवार को इलाके में इकट्ठे होकर पुलिस के खिलाफ रोष व्यक्त किया। सूचना मिलने के बाद थाना सराभा नगर की पुलिस वहां पहुंच गई। पुलिस के आगे पीड़ित परिवार ने सारी बात दोबारा से रखी। जिसके बाद पुलिस ने मामले की जांच का आश्वासन दिया। उसके बाद पुलिस ने कुछ युवकों को पूछताछ के लिए हिरासत में भी लिया है।
मोहम्मद बिलाल ने बताया कि वह सिलाई का काम करता है। उसके चार बच्चे है। जिसमें से फैजान (13) और तबरेज (11) बड़े है, बाकी दो बच्चे छोटे है। 13 अगस्त की शाम को दोनों घर के पास ही खेल रहे थे। जब रात तक घर नहीं पहुंचे तो उन्हे ढूंढना शुरू किया। 14 अगस्त की शाम को दोनों बच्चे के शव गांव जस्सोवाल स्थित सिधंवा नहर में मिले। मोहम्मद बिलाल का कहना है कि उसके बेटे इतनी दूर नहर में नहाने नहीं जा सकते। उसे कोई व्यक्ति झांसे में लेकर साथ लेकर गया होगा, उसके बाद उनकी हत्या कर शव नहर में फेंक दिए। बिलाल का आरोप है कि उसके एक रिश्तेदार के साथ रविवार को झगड़ा हुआ था। जिसने सबक सिखाने की धमकी दी थी। उसे शक है कि कहीं उसी रिश्तेदार ने ही इस वारदात को अंजाम न दिया हो। अगर पुलिस सही से इस मामले की जांच करे तो सच्चाई सामने आ सकती है। उन्होने पुलिस से इंसाफ की गुहार लगाई है।
सीसीटीवी कैमरे की फुटेज में नजर आए बच्चे :
पुलिस को इलाके में लगे एक सीसीटीवी कैमरे की फुटेज मिली है। जिसमें 13 अगस्त की शाम करीब 6 बजे बच्चे घर के पास खेलते नजर आ रहे है। लेकिन बाद में गायब हो जाते है। उसके बाद एक अन्य सीसीटीवी फुटेज में बच्चे रेवले लाइनों की तरफ जाते नजर आ रहे है। इसके बाद रेलवे लाइनों के पास एक फुटेज में बच्चे नजर आए है।
विज्ञापन
क्या कहते है पुलिस अधिकारी
थाना सराभा नगर के एसएचओ इंस्पेक्टर बृज मोहन ने बताया कि बच्चों के दोस्त साहिल और इमरान से पूछताछ की गई थी, उन्होंने माना है कि वह फैजान और तरबेज के साथ अक्सर नहर में नहाने के लिए जाते थे। उस दिन भी दोनों भाईयों ने नहर पर जाने के लिए कहा था, मगर उन्होंने मना कर दिया था। इसके बाद दोनों अकेले ही चले गए। उनके साथ और कौन गया, उक्त बच्चों को पता नहीं। फिलहाल अब तक की जांच में यहीं सामने आया है कि बच्चे नहाने गए थे और डूब गए। इसके अलावा पोस्टमार्टम से भी यहीं पता चला है कि बच्चों की डूबने से मौत हुई है। फिर भी पीड़ित परिवार की तस्ल्ली के लिए जांच की जा रही है।
--विकास मल्होत्रा, 16 अगस्त
विज्ञापन
परिजनों का आरोप रिश्तेदार ने हत्या के बाद नहर में फेंके दोनों भाई
गांव सुनेत के रहने वाले बच्चे 13 अगस्त की शाम को घर के पास से हुए थे लापता
अमर उजाला ब्यूरेा
लुधियाना। गांव सनेत स्थित अपने घर से लापता हुए दो सगे भाईयों के शव अगले दिन सिधवां नहर से मिले। शव मिलने के बाद पुलिस नेइस बात की सूचना परिजनों को दी। परिजनों का आरोप है कि अज्ञात लोगों ने बच्चों की हत्या करने के बाद दोनों के शव नहर में फेंक दिए, जबकि पुलिस का कहना है कि बच्चे नहर में नहाने उतरे थे और डूबने से दोनों की मौत हो गई। पुलिस की बात से असंतुष्ट परिजनों ने वीरवार को इलाके में इकट्ठे होकर पुलिस के खिलाफ रोष व्यक्त किया। सूचना मिलने के बाद थाना सराभा नगर की पुलिस वहां पहुंच गई। पुलिस के आगे पीड़ित परिवार ने सारी बात दोबारा से रखी। जिसके बाद पुलिस ने मामले की जांच का आश्वासन दिया। उसके बाद पुलिस ने कुछ युवकों को पूछताछ के लिए हिरासत में भी लिया है।
मोहम्मद बिलाल ने बताया कि वह सिलाई का काम करता है। उसके चार बच्चे है। जिसमें से फैजान (13) और तबरेज (11) बड़े है, बाकी दो बच्चे छोटे है। 13 अगस्त की शाम को दोनों घर के पास ही खेल रहे थे। जब रात तक घर नहीं पहुंचे तो उन्हे ढूंढना शुरू किया। 14 अगस्त की शाम को दोनों बच्चे के शव गांव जस्सोवाल स्थित सिधंवा नहर में मिले। मोहम्मद बिलाल का कहना है कि उसके बेटे इतनी दूर नहर में नहाने नहीं जा सकते। उसे कोई व्यक्ति झांसे में लेकर साथ लेकर गया होगा, उसके बाद उनकी हत्या कर शव नहर में फेंक दिए। बिलाल का आरोप है कि उसके एक रिश्तेदार के साथ रविवार को झगड़ा हुआ था। जिसने सबक सिखाने की धमकी दी थी। उसे शक है कि कहीं उसी रिश्तेदार ने ही इस वारदात को अंजाम न दिया हो। अगर पुलिस सही से इस मामले की जांच करे तो सच्चाई सामने आ सकती है। उन्होने पुलिस से इंसाफ की गुहार लगाई है।
विज्ञापन
सीसीटीवी कैमरे की फुटेज में नजर आए बच्चे :
पुलिस को इलाके में लगे एक सीसीटीवी कैमरे की फुटेज मिली है। जिसमें 13 अगस्त की शाम करीब 6 बजे बच्चे घर के पास खेलते नजर आ रहे है। लेकिन बाद में गायब हो जाते है। उसके बाद एक अन्य सीसीटीवी फुटेज में बच्चे रेवले लाइनों की तरफ जाते नजर आ रहे है। इसके बाद रेलवे लाइनों के पास एक फुटेज में बच्चे नजर आए है।
विज्ञापन
क्या कहते है पुलिस अधिकारी
थाना सराभा नगर के एसएचओ इंस्पेक्टर बृज मोहन ने बताया कि बच्चों के दोस्त साहिल और इमरान से पूछताछ की गई थी, उन्होंने माना है कि वह फैजान और तरबेज के साथ अक्सर नहर में नहाने के लिए जाते थे। उस दिन भी दोनों भाईयों ने नहर पर जाने के लिए कहा था, मगर उन्होंने मना कर दिया था। इसके बाद दोनों अकेले ही चले गए। उनके साथ और कौन गया, उक्त बच्चों को पता नहीं। फिलहाल अब तक की जांच में यहीं सामने आया है कि बच्चे नहाने गए थे और डूब गए। इसके अलावा पोस्टमार्टम से भी यहीं पता चला है कि बच्चों की डूबने से मौत हुई है। फिर भी पीड़ित परिवार की तस्ल्ली के लिए जांच की जा रही है।
--विकास मल्होत्रा, 16 अगस्त