{"_id":"672f7afca8b7ffe3ce0d8dea","slug":"clash-between-asha-workers-and-police-in-front-of-mp-meet-hayer-house-in-barnala-2024-11-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"आशा वर्करों और पुलिस में झड़प: सांसद मीत हेयर के आवास के बाहर धरना दे रही थीं आशा वर्कर्स, पुलिस ने खदेड़ा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आशा वर्करों और पुलिस में झड़प: सांसद मीत हेयर के आवास के बाहर धरना दे रही थीं आशा वर्कर्स, पुलिस ने खदेड़ा
Sat, 09 Nov 2024 08:38 PM IST
अंकेश ठाकुर
संवाद न्यूज एजेंसी, बरनाला (पंजाब)
संवाद न्यूज एजेंसी, बरनाला (पंजाब)
Published by: अंकेश ठाकुर
Updated Sat, 09 Nov 2024 08:38 PM IST
सार
अपनी मांगों को लेकर आप सांसद मीत हेयर के आवास के सामने बड़ी संख्या में आशा कार्यकर्ता धरना दे रही थीं। पुलिस ने उन्हें रोकने का प्रयास किया तो आशा वर्कर्स और पुलिस के बीच झड़प हो गई।
विज्ञापन
पुलिस और आशा वर्कर्स के बीच झड़प।
- फोटो : संवाद
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
पंजाब के बरनाला में आशा वर्कर्स यूनियन ने पंजाब सरकार के खिलाफ विरोध-प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान आप सांसद मीत हेयर के आवास के सामने बैरिकेडिंग पर आशा कार्यकर्ताओं की पुलिस से झड़प हो गई। उन्होंने सरकार पर वादाखिलाफी और मांगें पूरी न होने तक संघर्ष जारी रखने का एलान किया।
प्रदर्शनकारी आशा वर्करों ने कहा कि आज उनकी आशा वर्कर एवं फैसिलिटेटर यूनियन मांगों को लेकर सांसद मीत हेयर के घर के सामने धरना दे रही है। इसी बीच पुलिस प्रशासन की ओर से उनसे धक्का-मुक्की की गई है। वे अपनी मांगों को लेकर सरकार के प्रतिनिधियों से मिलने आए थे ताकि उन्हें बैठक के लिए समय दिया जा सके, लेकिन सरकार के किसी प्रतिनिधि ने उनसे मुलाकात नहीं की जिसके कारण वह सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि आप सरकार ने सत्ता में आने से पहले उनसे कई वादे किए थे, जो ढाई साल बीत जाने के बाद भी पूरे नहीं किए गए। पंजाबभर में आशा वर्करों को मात्र 2500 रुपये प्रति माह मानदेय दिया जा रहा है, जबकि काम इससे कई गुना ज्यादा लिया जा रहा है। इसलिए उनकी मांग है कि मानदेय को बढ़ा कर दोगुना किया जाए। इसके अलावा सरकार ने आशा कर्मियों की आयु सीमा 58 वर्ष से बढ़ाकर 62 वर्ष करने, सेवानिवृत्त कर्मियों को बहाल करने, आशा फैसिलिटेटर का वेतन एक हजार रुपये बढ़ाने, कर्मियों को स्वास्थ्य बीमा देने सहित कई मांगें मान तो परंतु सरकार की ओर से इन मांगों पर अमल नहीं किया जा रहा है जिसके चलते विरोध में प्रदेशभर की आशा वर्कर बरनाला विधानसभा उपचुनाव के दौरान सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रही हैं। चेतावनी दी कि अगर उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो आने वाले दिनों में संघर्ष और तेज किया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
प्रदर्शनकारी आशा वर्करों ने कहा कि आज उनकी आशा वर्कर एवं फैसिलिटेटर यूनियन मांगों को लेकर सांसद मीत हेयर के घर के सामने धरना दे रही है। इसी बीच पुलिस प्रशासन की ओर से उनसे धक्का-मुक्की की गई है। वे अपनी मांगों को लेकर सरकार के प्रतिनिधियों से मिलने आए थे ताकि उन्हें बैठक के लिए समय दिया जा सके, लेकिन सरकार के किसी प्रतिनिधि ने उनसे मुलाकात नहीं की जिसके कारण वह सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि आप सरकार ने सत्ता में आने से पहले उनसे कई वादे किए थे, जो ढाई साल बीत जाने के बाद भी पूरे नहीं किए गए। पंजाबभर में आशा वर्करों को मात्र 2500 रुपये प्रति माह मानदेय दिया जा रहा है, जबकि काम इससे कई गुना ज्यादा लिया जा रहा है। इसलिए उनकी मांग है कि मानदेय को बढ़ा कर दोगुना किया जाए। इसके अलावा सरकार ने आशा कर्मियों की आयु सीमा 58 वर्ष से बढ़ाकर 62 वर्ष करने, सेवानिवृत्त कर्मियों को बहाल करने, आशा फैसिलिटेटर का वेतन एक हजार रुपये बढ़ाने, कर्मियों को स्वास्थ्य बीमा देने सहित कई मांगें मान तो परंतु सरकार की ओर से इन मांगों पर अमल नहीं किया जा रहा है जिसके चलते विरोध में प्रदेशभर की आशा वर्कर बरनाला विधानसभा उपचुनाव के दौरान सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रही हैं। चेतावनी दी कि अगर उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो आने वाले दिनों में संघर्ष और तेज किया जाएगा।
विज्ञापन