ठंड और कोहरे से आम जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। सुबह और शाम को पड़ने वाले कोहरे से शहर के बाहरी इलाकों में लोगों को परेशानी झेलनी पड़ रही है। मंगलवार सुबह इतना कोहरा था कि लोगों का सड़क पर चलना दूभर हो गया। सड़कों पर वाहनों की रफ्तार भी थम गई। वाहन लाइट जलाकर आगे की ओर बढ़ रहे हैं। वहीं सोमवार की देर रात से ही कोहरना छाने लगा।
दिन में 11 बजे धूप निकलने के कारण लोगों ने राहत की सांस ली। शाम ढलते ही गलन फिर बढ़ गई। नगर निगम की ओर से शहर में कई स्थानों पर अलाव की व्यवस्था की गई है वहीं कुछ स्वयंसेवी संस्थाओं की ओर कंबल का वितरण भी किया गया।
सोमवार को न्यूनतम तापमान 08 डिग्री और अधिकतम तापमान 19.4 डिग्री सेल्सियस रहा। सोमवार देर रात शहर से लेकर बाहरी इलाके तक कोहरे का असर रहा। कोहरे के कारण दृश्यता शून्य के करीब रही और हाथ को हाथ भी नहीं सूझ रहा था। दिन में 11 बजे के बाद कोहरा तो छंट गया लेकिन ठंड का प्रकोप जारी रहा।
मौसम विज्ञानी प्रो. एसएन पांडेय का कहना है कि पश्चिमी मध्य प्रदेश, विदर्भ और उत्तरी राजस्थान में इन दो दिनों के दौरान बारिश की संभावना है। इसके असर के कारण इन इलाकों से सटे उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में भी गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है। कई हिस्सों में सुबह और रात में घना कोहरा छाए रहने और कहीं-कहीं दिन में धूप नहीं निकलने के साथ कुहासा छाया रह सकता है।
बदलते मौसम में सेहत के प्रति सावधानी जरूरी
बदलते मौसम में सेहत के प्रति सावधानी जरूरी है। सर्दी, खांसी और बुखार को हल्के में नहीं लेना चाहिए। अग्रवाल चेस्ट क्लीनिक के डॉ. एसके अग्रवाल ने बताया कि बच्चों और बुजुर्गों को तो विशेष सावधानी बरतनी चाहिए।