फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

मुन्ना बजरंगी का शव देख फूट-फूट कर रोया पूरा गांव, तस्वीरों में देखें माफिया डॉन का अंतिम सफर

Tue, 10 Jul 2018 11:14 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी Updated Tue, 10 Jul 2018 11:14 PM IST
विज्ञापन
Munna bajrangi cremation and people were crying after watch deadbody
varanasi - फोटो : अमर उजाला
जरायम जगत का कुख्यात नाम मुन्ना बजरंगी का अंतिम संस्कार मंगलवार को वाराणसी के मणिकर्णिका घाट पर  हुआ। मुन्ना बजरंगी के 14 वर्षीय पुत्र समीर सिंह ने मुखाग्नि दी। इससे पहले मुन्ना बजरंगी का शव बागपत से जौनपुर स्थित पैतृक गांव पहुंचा था। इस पूरे सफर में परिवार भी साथ था। लेकिन अपने घर पहुंचकर सभी के सब्र का बांध टूट पड़ा। बहन रोई, पत्नी रोई और बच्चे भी फूट-फूटकर रोने लगे। पूरा गांव गम के सैलाब में डूब गया। आगे की स्लाइड्स में देखें तस्वीरें...




 
Munna bajrangi cremation and people were crying after watch deadbody
varanasi - फोटो : अमर उजाला
जब मुन्ना बजरंगी का शव जौनपुर स्थित पैतृक गांव पहुंचा तो पूरे परिवार का मानो सब्र का बांध टूट पड़ा। अपने उजड़े सुहाग को देख-देखकर सीमा सिंह फफक-फफक कर रो पड़ी। जेल में बंद  पति को जी भरकर देखा भी नहीं कि उसके हमेशा के लिए रुखसत होने का वक्त आ गया। मुन्ना बजरंगी के बेटे और बेटियों का क्रंदन देख किसी की हिम्मत उन्हें ढ़ाढस बंधाने की नहीं हुई। मौके पर जुटी गांव की अन्य वृद्ध महिलाएं जिन्हें महिलाए जिन्हें मुन्ना बजरंगी दादी या चाची बुलाता था, उनके आंसू नहीं  थम रहे थे। 

 
Munna bajrangi cremation and people were crying after watch deadbody
varanasi - फोटो : अमर उजाला
मंगलवार की सुबह करीब सवा सात बजे बजरंगी का शव उसके पैतृक गृह जौनपुर के सुरेरी थानांतर्गत पूरे दयाल कसेरू लाया गया। परिजनों में आक्रोश था तो गांव का माहौल गमगीन। परिजनों के साथ-साथ गांव के लोगों का भी रो-रोकर बुरा हाल रहा। लोगों का  कहना था कि मुन्ना हमारे गांव के शेर थे, जो आज चला गया। 

 
विज्ञापन
विज्ञापन
Munna bajrangi cremation and people were crying after watch deadbody
varanasi - फोटो : अमर उजाला

गांव निवासी पारसनाथ सिंह के चार पुत्रों में प्रेम प्रकाश उर्फ मुन्ना सबसे बड़ा था। दूसरे राजेश सिंह मुंबई दूरसंचार में कार्यरत हैं। तीसरे राकेश सिंह की मौत हो चुकी है। सबसे छोटा भाई भुआल सिंह गुड्डू गांव में ही रहता है।  

 
विज्ञापन
Munna bajrangi cremation and people were crying after watch deadbody
varanasi - फोटो : अमर उजाला
गांव में सुरक्षा की दृष्टि से पीएसी के अलावा आधा दर्जन से ज्यादा थानों की पुलिस तैनात की गई थी। सुरक्षा घेरे में परिजन शव को अंत्येष्टि के लिए लेकर 9.30 बजे वाराणसी रवाना हुए। मुन्ना बजरंगी के शव के साथ दर्जनों वाहनों का काफिला चल रहा था। 

 
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed