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संगीत से लेकर खेल तक बढ़ाया मान, पद्मश्री पुरस्कार के पन्नों में जुड़े काशी के चार नाम

Sat, 16 Mar 2019 04:08 PM IST
Sayali Maurya न्यूज डेस्क,अमर उजाला,वाराणसी
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,वाराणसी Published by: Sayali Maurya Updated Sat, 16 Mar 2019 04:08 PM IST
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Four personalities got padma shree award from varanasi

इस साल पद्म पुरस्कारों के लिए चुने गए 112 शख्सियतों में से 56 लोगों को यह प्रतिष्ठित पुरस्कार राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने 11 मार्च को राष्ट्रपति भवन में एक विशेष कार्यक्रम में प्रदान किया था। इसी क्रम में बाकी के बचे 56 लोगों को 16 मार्च को पद्म पुरस्कारों से नवाजा गया। बता दें कि पद्म पुरस्कारों की घोषणा गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर की गई थी, जिसमें वाराणसी की चार हस्तियों के नाम शामिल हैं। इस बार पद्म पुरस्कारों के लिए रिकॉर्ड 50 हजार नामांकन आए थे। यह 2014 के मुकाबले 20 गुना ज्यादा है। देखें आगे की स्लाइड्स में...

Four personalities got padma shree award from varanasi
राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने डॉ. राजेश्वर आचार्य को सम्मानित किया - फोटो : amar ujala

ख्याल गायक और संगीतज्ञ डॉ. राजेश्वर आचार्य को भी पद्मश्री पुरस्कार 16 मार्च को दिया गया। अब दुर्लभ हो रहे वाद्य यंत्र जलतरंग के इकलौते साधक डॉ. राजेश्वर आचार्य का ध्रुपद गायकी में भी कोई सानी नहीं है। वह पं. ओंकारनाथ ठाकुर की परंपरा के संगीताचार्य हैं। डॉ. आचार्य तुलसी घाट पर ध्रुपद मेले की आयोजन समिति के संस्थापक सदस्य भी रहे हैं। डॉ. आचार्य ने कहा कि यह सम्मान बाबा विश्वनाथ को समर्पित करते है। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के फाइन आर्ट्स और संगीत विभाग के विभागाध्यक्ष रहे डॉ. राजेश्वर को 1966 में आल इंडिया रेडियो म्यूजिक कंपटीशन में पहला स्थान मिला था। ग्वालियर घराना से ताल्लुकात रखने वाले संकटमोचन फाउंडेशन के साथ मिलकर ध्रुपद मेले का आयोजन शुरू कराया।

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राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने प्रशांति सिंह को सम्मानित किया - फोटो : Social Media

बास्केटबाल की दुनिया में सिंह सिस्टर्स के नाम से मशहूर पांच बहनों में तीसरे नंबर की प्रशांति सिंह को को पद्मश्री पुरस्कार से नवाजा गया। पिछले साल प्रशांति सिंह को अर्जुन पुरस्कार से दिया गया था। प्रशांति कई अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में भारत की कप्तानी भी कर चुकी हैं। शिवपुर निवासी प्रशांति सिंह ने पद्मश्री पुरस्कार को अपने मां-बाप, भाई, बहनों, गुरुजनों, कोच और सभी शुभचिंतकों को समर्पित किया है। भारतीय बास्केटबॉल टीम की पूर्व कप्तान प्रशांति सिंह 2002 में राष्ट्रीय टीम से जुड़ीं। प्रशांति एशियन चैंपियनशिप और कामनवेल्थ सहित दो दर्जन से अधिक अंतरराष्ट्रीय स्पर्धाओं में देश का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं। सर्वाधिक अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने वाली प्रशांति को अब तक 30 से अधिक पदक और सम्मान मिले हैं। प्रशांति सिंह का कहना है कि लगन और मेहनत से इंसान सबकुछ हासिल कर लेता है।

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राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने हीरालाल यादव को सम्मानित किया - फोटो : amar ujala

प्रख्यात लोक गायक हीरालाल यादव को भी पद्मश्री पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। वाराणसी के चौकाघाट के निवासी हीरालाल पूर्वांचल में लोक गायकी में काफी मशहूर नाम है। 1950 के दशक से हीरा और बुल्लू की जोड़ी चर्चित रही। हीरालाल की गायकी में शास्त्रीय संगीत का पुट है। होरी खलीफा और गाटर खलीफा के शिष्य श्री गुरु रम्मन दास अखाड़े से जुड़े ख्यात लोक गायक हीरालाल ने पांच वर्ष की उम्र से बिरहा गायन शुरू कर दिया था। काशी रत्न और मंजुश्री से अलंकृत 82 वर्षीय हीरालाल ने सात दशक से ज्यादा समय तक संगीत की सेवा कर दर्जनों लोक गायकों की फौज तैयार की।
 

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राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने डॉ. रजनी कांत को सम्मानित किया (फाइल फोटो) - फोटो : amar ujala

इसके पहले 11 मार्च को डॉ. रजनी कांत को पद्मश्री अलंकरण से सम्मानित किया गया था। डॉ. रजनीकांत ने यह सम्मान लाखों शिल्पिओं, बुनकरों, भूमिहीन महिलाओं और जीआई (भौगोलिक इंडिकेशन) को समर्पित किया है और कहा कि यह सम्मान विकास में मील का पत्थर साबित होगा और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जीआई अभियान को आगे ले जाने में योगदान अदा करेगा। बीते 25 वर्षों से बुनकरों, शिल्पियों, भूमिहीन महिलाओं और बच्चों की शिक्षा के साथ ही बौद्धिक संपदा अधिकार के क्षेत्र में काम कर रहे सारनाथ के मवइयां में रहने वाले डॉ. रजनीकांत मूल रूप से मिर्जापुर जिले के चुनार थाना के जलालपुरमाफी गांव के रहने वाले हैं। उन्होंने स्वयं सहायता समूह के माध्यम से शिल्पकारों को आर्थिक रूप से सबल बनाने में अहम भूमिका निभाई। साथ ही बनारस और आसपास के शिल्प उत्पादों को जीआई के तहत पेटेंट कराया। अब तक नौ उत्पादों का जीआई पंजीयन कराया और सात उत्पाद पंजीयन की प्रक्रिया में हैं। इसके लिए उन्हें 2017 में बौद्धिक संपदा पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। 

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