नागरिकता कानून और एनआरसी के विरोध में शुक्रवार को भी पूर्वांचल के कई जिलों में जमकर बवाल हुआ। वाराणसी के बजरडीहा क्षेत्र में दोपहर बाद माहौल अराजक हो उठा। धारा 144 लागू होने के बावजूद जुलूस निकाल रहे लोगों को समझाने के दौरान कुछ युवकों का हुजूम शोर मचाते हुए दौड़ा तो भगदड़ मच गई। इस पर पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। दूसरी ओर से पथराव किया गया।
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नागरीकता संसोधन ऐक्ट के खिलाफ मदनपुरा क्षेत्र में सड़क पर उतरे प्रर्दशनकारी।
- फोटो : अमर उजाला।
पुलिस और पब्लिक के 37 लोग घायल हुए हैं। 11 घायलों को बीएचयू ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है, इसमें गंभीर दो लोगों में से मोहम्मद सलीम(8) की रात में मौत हो गई। एहतियातन प्रशासन ने मोबाइल इंटरनेट सेवा बंद करवा दी है। मदनपुरा सहित कई इलाकों में भी जुलूस निकालकर विरोध दर्ज कराया गया। पूरे दिन शहर में स्थिति तनावपूर्ण रही।
नागरिकता कानून के विरोध में प्रदर्शन को लेकर अफवाह, हिंसा और शांति व्यवस्था के लिए जिले की इंटरनेट सेवा अब रविवार सुबह 10 बजे तक के लिए इंटरनेट बंद कर दी गई है। डीएम कौशल राज शर्मा ने बताया कि स्थिति सामान्य रहने पर रविवार को इंटरनेट सेवा बहाल होगी, नहीं तो इसे आगे बढ़ाया जा सकता है।
जौनपुर में जुमे की नमाज के बाद बड़ी मस्जिद और अटाला मस्जिद से नमाजियों ने जुलूस निकालकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों की पुलिस से नोकझोंक हुई। खानका मोहल्ले में पुलिस पर पथराव हुआ। इसमें शहर कोतवाल पवन उपाध्याय और एक कांस्टेबल को हल्की चोट आई। सूचना पर पुलिस और पीएसी के साथ जिलाधिकारी व एसपी पहुंच गए। शहर के उत्तरी इलाके की दुकानें सुबह ही बंद करा दी गई थीं। जिले में इंटरनेट सेवा बंद कर दी गई थी। हालांकि, शहरी क्षेत्र में बाद में सेवा बहाल कर दी गई। यहां चार लोग हिरासत में लिए गए।
भदोही नगर में दोपहर दो बजे के बाद लोगों ने पुलिस पर पथराव किया। पुलिस ने हल्का लाठीचार्ज किया और आंसू गैस के गोले दागे। भीड़ ने एक चार पहिया वाहन और चार बाइक क्षतिग्रस्त कर दी। जिले में इंटरनेट सेवाएं बंद रहीं। मऊ में स्थिति सामान्य रही। हालांकि यहां अभी इंटरनेट सेवा बंद है।