मुजफ्फरनगर में चरथावल-थानाभवन मार्ग पर हादसे में काल का ग्रास बने दोनों दोस्त बेरोजगार थे और नौकरी के लिए फॉर्म भरते रहते थे। शनिवार को भी दोनों डाकखाने में फॉर्म जमा करने के लिए आए थे और इसके बाद वापस घर जा रहे थे। उधर, हादसे के बाद गांव हकीमपुरा और कस्बा चरथावल में शोक छा गया।
उजड़ गई दुनिया: दो दोस्तों की मौत से गांव में पसरा मातम, नौकरी के लिए फॉर्म भरकर लौट रहे थे घर
वहीं उसका दोस्त चरथावल निवासी ऋषभ भी बेरोजगारी के चलते नौकरी के लिए फॉर्म भरता रहता था। उसके पिता गांव हकीमपुरा में डॉक्टर है और अपना क्लीनिक चलाते हैं।
दोनों दोस्तों का सपना था कि नौकरी पाकर वह अपने परिवार की सेवा करें। मगर, यह सपना एक बस के चालक की लापरवाही की भेंट चढ़ गया। जैसे ही बेटों की हादसों में मौत की सूचना मिली तो परिजन मुजफ्फरनगर मोर्चरी पर जा पहुंचे। दोनों ही परिवारों का रो-रोकर बुरा हाल था।
बताया गया कि शनिवार को दोनों दोस्तों को किसी नौकरी का फॉर्म भरना था और इसके लिए ही दोनों दोस्त डाकखाने में आए थे। फॉर्म जमा करने के बाद वापस घर जा रहे थे। उन्हें नहीं पता था कि रास्ते में बस उनकी जिंदगी छीन लेगी। शनिधाम से कुछ आगे हादसे में दोनों की मौत हो गई।
घटना स्थल पर लग गया था जाम
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि हादसा बेहद ही दर्दनाक था। हादसे को देखकर मार्ग से जा रहे राहगीर मौके पर रुक गए थे। भीड़ होने के कारण जाम भी लग गया था। जिसे पुलिस ने मशक्कत कर खुलवाया।
बस से उतर कर पैदल गए यात्री
हादसे में दोनों दोस्तों की मौत हो गई थी। यह देखकर चालक बस से कूदकर भाग गया था। इसके बाद बस में सवार यात्री पैदल ही अपनी मंजिल के लिए रवाना हुए।
पीड़ित परिजनों के घर पहुंच कर जताई संवेदना
चरथावल क्षेत्र के लोगों ने पीड़ित परिजनों के घर पहुंचकर संवेदना जताई।