फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

रामपुर से आजम खां की जीत तो तय थी, जयाप्रदा की हार के 5 बड़े कारण

Thu, 23 May 2019 03:40 PM IST
शाहरुख खान न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रामपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रामपुर Published by: शाहरुख खान Updated Thu, 23 May 2019 03:40 PM IST
विज्ञापन
Slug: rampur election result 2019 azam khan jaya prada rampur lok sabha seat counting news
रामपुर - फोटो : self
नवाब फैजुल्लाह खां द्वारा बसाए गए रामपुर की गिनती तहजीब के शहरों में होती है। जरी-जरदोजी, प्लाईवुड, चीनी मिट्टी व कपड़ों के लिए पहचान रखने वाले रामपुर को नई पहचान आजम ने दी है? वे यहां से नौ बार विधायक चुने गए हैं। 1980 के बाद से कोई ऐसा इलेक्शन नहीं है, जिसमें उनकी सक्रिय भागीदारी न रही हो। 2004 में नवाब परिवार की नूर बानो की सियासी काट के लिए वे अभिनेत्री जयाप्रदा को चुनाव लड़ाने रामपुर लाए थे। हालांकि, जल्द ही जयाप्रदा व उनके सियासी गुरु अमर सिंह से आजम की खटपट शुरू हो गई। 2009 आते-आते आजम सपा से बाहर थे व जया उनके विरोध के बावजूद रामपुर से सांसद चुनी गईं। जया प्रदा तब सपा के टिकट से जीतकर सांसद बनी थीं। सपा से पहले आरएलडी के टिकट पर चुनाव हार चुकी जया प्रदा को भाजपा की टिकट भी रामपुर से जिता न सकी।

तीन विधानसभा सीट सपा की, दो भाजपा के पास

Slug: rampur election result 2019 azam khan jaya prada rampur lok sabha seat counting news
आजम खां - फोटो : अमर उजाला
रामपुर लोकसभा क्षेत्र में पांच विधानसभा सीट हैं। इनमें रामपुर, स्वार व चमरौवा सपा के पास हैं तथा बिलासपुर व मिलक से भाजपा के विधायक हैं। रामपुर से खुद आजम खां और स्वार से उनके बेटे अब्दुल्ला आजम खां विधायक हैं।

मौलाना अबुल कलाम थे पहले सांसद

Slug: rampur election result 2019 azam khan jaya prada rampur lok sabha seat counting news
मौलाना अबुल कलाम - फोटो : self
रामपुर सीट से 1952 में पहली बार मौलाना अबुल कलाम आजाद सांसद चुने गए थे। वे देश के पहले शिक्षा मंत्री थे। यहां से कांग्रेस को 10 बार, भाजपा को तीन, सपा को दो व भारतीय लोकदल को एक बार सफलता मिली है। लंबे समय बाद यह पहला मौका है जब नवाब परिवार का कोई सदस्य चुनाव नहीं लड़ रहा है। इस परिवार के जुल्फिकार अली खां उर्फ मिक्की मियां यहां से पांच बार और उनकी पत्नी नूर बानो दो बार सांसद रही हैं। 2014 में उनके बेटे नवाब काजिम अली खां कांग्रेस उम्मीदवार के रूप में तीसरे स्थान पर रहे थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

2014 का लोकसभा परिणाम

Slug: rampur election result 2019 azam khan jaya prada rampur lok sabha seat counting news
सांकेतिक तस्वीर
प्रत्याशी                       मिले मत  
नैपाल सिंह  (भाजपा)            3,58,616
नसीर अहमद खान (सपा)         3,35181
काजिम अली खां (कांग्रेस)         1,56,466
अकबर हुसैन (बसपा)             81006 
विज्ञापन

51% वोटर मुस्लिम हैं रामपुर में

Slug: rampur election result 2019 azam khan jaya prada rampur lok sabha seat counting news
आजम खान - फोटो : एएनआई
रामपुर सीट का समीकरण भाजपा के बहुत मुफीद नहीं है, फिर भी 2014 में भाजपा के डॉ. नैपाल सिंह ने सपा के नसीर अहमद खां को 23 हजार मतों से हराया था। 1991 और 1998 में भी भाजपा इस सीट को जीत चुकी है। रामपुर में करीब 51 फीसदी वोटर मुस्लिम हैं। भाजपा ने यहां पूरी ताकत झोंकी थी। इसके साथ ही उन्हें परंपरागत वोटों के साथ मुस्लिम व दलितों में सेंधमारी की उम्मीद थी।  
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed