आप सबको जयाप्रदा का नमस्कार, इन शब्दों के साथ जयाप्रदा ने पांच साल बाद सियासी जमीन से रामपुर पहुंचकर हुंकार भरी। जयाप्रदा ने अपने संबोधन में बिना नाम लिए आजम खां पर निशाना साधा तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का बखान भी किया। जयाप्रदा का फोकस कार्यकर्ताओं को इस बात अहसास कराने पर रहा कि वो अब कभी रामपुर छोड़कर नहीं जाएंगी, और कुछ साल दूर रहने के लिए उन्होंने क्षमा भी मांगी।
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पांच साल बाद रामपुर पहुंचीं जयाप्रदा, भाजपा कार्यकर्ताओं को किया संबोधित, बोलीं- मैं भी चौकीदार
Sun, 31 Mar 2019 06:14 PM IST
Vikas Kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रामपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रामपुर
Published by: Vikas Kumar
Updated Sun, 31 Mar 2019 06:14 PM IST
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कार्यकर्ताओं को संबोधित करती हुईं जयाप्रदा
- फोटो : अमर उजाला
जयाप्रदा
- फोटो : अमर उजाला
भारतीय जनता पार्टी से प्रत्याशी जयाप्रदा रविवार दोपहर रामपुर पहुंचीं। कार्यकर्ताओं ने कई स्थानों पर उनका स्वागत किया और इसके बाद उत्सव पैलेस में उन्होंने कार्यकर्ताओं को संबोधित किया। जयाप्रदा ने कहा कि वो रामपुर की धरती और अवाम को नमन करती हैं। कहा कि मैँ फिर से शुरुआत करने जा रही हूं। मुझे 2004 भी याद है और 2009 भी याद है, पता नहीं ऐसा क्या हुआ जो कुछ लोगों का 2004 का प्यार 2009 में खत्म हो गया, अपने पराए हो गए। उस समय ऐसा माहौल कर दिया था कि सबमें डर था, मैं अपनी इच्छा से कोई काम नहीं कर सकती थी। लेकिन, अब मैं खुश हूं क्योंकि घर वापस आ गई। अब कोई भी कितनी भी अभद्र भाषा का प्रयोग करे मुझे कोई डर नहीं।
जयाप्रदा
- फोटो : अमर उजाला
जयाप्रदा ने किसी का नाम लिए बिना कहा कि रामपुर में एक कद्दावर नेता की मर्जी के खिलाफ मैं चुनाव जीतकर आई, वो जीत मेरी नहीं बल्कि आप सब जनता की थी, आपने जिताया तो फिर मुझे क्यों कोसते हैं। उन्होंने 2014 में रामपुर छोड़कर जाने पर क्षमा मांगी और कहा कि लोग पूछ रहे हैं कि मैं कितने दिन रामपुर में रहूंगी तो मेरा जवाब यही है कि जीना यहां मरना यहां इसके सिवा जाना कहां। अब मैं आपके बीच ही रहूंगी। कहा कि मुझे रामपुर में रहने से डराया जाता है क्या मैं रामपुर में नहीं रह सकती। मैंने यहां कॉलेज बनवाए, मेरा घर है, दस साल में तमाम सड़क और पुल बनवाए। अब मैं भी चौकीदार जयाप्रदा हूं और आप सब मेरी ताकत हैं। उन्होंने अपील करते हुए कहा कि इस बहन को फिर से आशीर्वाद दीजिए।
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जयप्रदा
- फोटो : अमर उजाला
जयाप्रदा ने ट्विटर हैंडिल पर की गई एक पोस्ट पर भी कहा कि दानव या ऐसे शब्दों का प्रयोग करना मेरे संस्कार नहीं हैं। पहले वो खुद बोलते थे और बुलवाते थे अब बुलवा रहे हैं। यह सब दुष्प्रचार है, मुझे नाचनेवाली और जाने-जाने क्या क्या कहा लेकिन, अब मैं बर्दाश्त नहीं करूंगी।
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जयाप्रदा
- फोटो : अमर उजाला
भाजपा प्रत्याशी व पूर्व सांसद जयाप्रदा रविवार दोपहर रामपुर पहुंची। यहां पर कई स्थानों पर कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया। फोटो चुंगी पर कार्यकर्ताओं ने सबसे पहले स्वागत किया। इसके बाद जयाप्रदा का काफिला आंबेडकर पार्क पहुंचा। यहां से स्टार चौराहा होते हुए गांधी समाधि तक काफिला जुलूस की शक्ल में तब्दील हो गया और जयाप्रदा सभी कार्यकर्ताओं का अभिवादन स्वीकार करते हुए चलीं। जिससे रोड शो जैसा माहौल बन गया। गांधी समाधि पर जयाप्रदा ने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को श्रद्धासुमन अर्पित किए। फोटो चुंगी से उत्सव पैलेस तक करीब आधा दर्जन स्थानों पर कार्यकर्ताओं ने जयाप्रदा का स्वागत किया।