समाजवादी पार्टी ने रविवार को दो और प्रत्याशियों का एलान कर दिया। आजमगढ़ से खुद अखिलेश यादव चुनाव लड़ेंगे तो सपा ने रामपुर से मौजूदा विधायक आजम खां को रामपुर लोकसभा सीट से प्रत्याशी बनाया है। रामपुर आजम खां का गढ़ माना जाता है। अगली स्लाइड में जानिए आजम खां ने कैसे की थी राजनीतिक सफर की शुरुआत...
लोकसभा चुनाव 2019: रामपुर से चुनाव लड़ेंगे आजम खां, कॉलेज से शुरू किया था राजनीतिक सफर
आजम खान का जन्म उत्तरप्रदेश के रामपुर में 14 अगस्त 1948 को हुआ था। उन्होंने अपनी शुरुआती पढ़ाई रामपुर के बकर स्कूल से पूरी करने के बाद रामपुर के सुंदरलाल इंटर कॉलेज से स्नातक और फिर 1974 में अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी से एलएलबी की पढ़ाई पूरी की। आजम खान का निकाह ताजीन फातिमा से हुआ है और उनके दो बेटे अदीब खान और अब्दुल्लाह खान हैं।
आजम खां ने राजनीतिक सफर की शुरुआत अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी छात्र संघ की राजनीति से की। आपातकाल में जेल काटी। रामपुर शहर विधानसभा सीट पर 1977 से लगाातार चुनाव लड़ रहे हैं। विधानसभा के 11 चुनावों में से नौ में जीत हासिल की। पांच बार प्रदेश में मंत्री रहे। एक बार विधानसभा में विपक्ष के नेता रहे। एक बार राज्यसभा के सदस्य भी रहे।
आजम खां ने रामपुर में मोहम्मद अली जौहर विश्वविद्यालय की स्थापना कराई। यूनिवर्सिटी के वह आजीवन चांसलर भी हैं। इसके अलावा रामपुर पब्लिक स्कूल की भी स्थापना की। रामपुर पब्लिक स्कूल की कई शाखाएं रामपुर में चल रही हैं।
राजनीतिक दलः जनता पार्टी, जनता दल, लोकदल, जनता पार्टी (सेक्यूलर) और समाजवादी पार्टी।
पिता का नामः स्वर्गीय मुमताज खां
जन्म तिथि--14 अगस्त 1948
शिक्षाः बीए, एलएलबी (एएमयू)
पताः घेर मीरबाज खां, रामपुर
पत्नी: डॉ. तजीन फात्मा (राज्यसभा सांसद)
बेटा: अब्दुल्ला आजम स्वार (टांडा से विधायक)