लिसाड़ीगेट में 20 दिसंबर को हुए बवाल में गोलियां चलाने वाले तीन उपद्रवियों की पुलिस ने पहचान करने का दावा किया है। हालांकि पुलिस ने एक ही आरोपी की पहचान उजागर की है, जो तमंचे से पुलिस पर गोली चला रहा था। लेकिन दो अन्य आरोपियों के नाम और पते पुलिस ने अभी नहीं बताए हैं। एसएसपी ने इन तीनों की गिरफ्तारी पर 20-20 हजार का इनाम घोषित कर दिया है।
मेरठ उपद्रव: फायरिंग करने वाले एक की पहचान, तीन पर इनाम, 405 को पुलिस कर चुकी है चिन्हित
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नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) के विरोध में 20 दिसंबर को हापुड़ रोड और लिसाड़ीगेट में उपद्रवियों ने चार घंटे तक उपद्रव किया था। पुलिस प्रशासन पर पथराव करने के साथ गोलियां चलाई थीं। पांच दिन बाद 25 दिसंबर को पुलिस के हाथ सीसीटीवी कैमरे की फुटेज लगी। जिसमें लिसाड़ी गेट में उपद्रवी गोली चलाते दिखाई दे रहे थे।
एक उपद्रवी पिस्टल व दूसरा तमंचे से गोली चला रहा है। गोली चलाते एक उपद्रवी की पहचान फैसल निवासी करीमनगर नौचंदी के रूप में पुलिस ने की है। पुलिस ने उसकी तलाश में दबिश दी। लेकिन वह फरार मिला। पुलिस के अनुसार फैसल गली से निकलकर तमंचे से गोली चला रहा था। फैसल के अलावा दो और आरोपी पहचाने गए हैं, जो गोली चला रहे थे।
क्या उपद्रव के लिए बांटे थे पिस्टल और तमंचे
पुलिस के अनुसार चर्चा है कि फैसल समेत कई युवकों को उपद्रव के लिए तमंचे और पिस्टल बांटे गए थे। पुलिस के अनुसार फैसल के पास तमंचा कहां से आया, इसकी भी जांच होगी।
दो उपद्रवी पिस्टल से गोलियां चला रहे थे। उपद्रवियों ने पुलिस प्रशासन के अधिकारी टारगेट पर लिए थे। उपद्रवियों की गिरफ्तारी के बाद ही खुलासा होगा कि असलहा किसने और क्यों बांटे थे।
पीएफआई से जुड़ा होना बताया
एक पहचाने गए उपद्रवी के पापुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) से जुड़े होने की चर्चा है। हालांकि इसकी पुलिस अभी पुष्टि नहीं कर रही है। पुलिस का कहना है कि गिरफ्तारी के बाद ही आरोपियों की पोल खुलेगी। पीएफआई और एसडीएफआई से जुड़े लोगों की तलाश है।