लोहियानगर के रिहायशी इलाके में चल रहे पटाखा गोदाम में हुए विस्फोट में पांच मजदूरों की मौत के जिम्मेदार गौरव गुप्ता को पुलिस ने सीजेएम कोर्ट में पेश किया। कोर्ट ने आरोपी को गैर इरादतन हत्या और दूसरी धाराओं के आरोप में 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया।
Blast In Factory: रट्टू तोते की तरह जवाब देता रहा गौरव, खुद को बताता रहा बेकसूर, कोर्ट ने जेल भेजा
गौरव गुप्ता से शुक्रवार को लोहियानगर थाने में खुफिया एजेंसियों के अधिकारियों ने एक घंटे तक पूछताछ की। इनमें एटीएस, इंटेलीजेंस और एलआईयू के अधिकारी मौजूद रहे। शुरुआत में तो गौरव गुप्ता उनसे पटाखों के काम से ही इंकार करता रहा लेकिन जब उससे पूछा गया कि विस्फोट क्यों हुआ तो उसने बताया कि वहां पर मोबिल ऑयल और फिनाइल रखा हुआ था, उनमें धमाका हुआ होगा।
जब उसको बताया कि मोबिल ऑयल और फिनाइल की सारी बोतलें सुरक्षित मिली हैं, तो वह चुप हो गया। पूछताछ में उसने मान लिया कि वह टॉय गन के शॉट बना रहा था। उसने बताया कि वो सिर्फ शॉट के कवर बना रहा था, उनकी सहारनपुर में सप्लाई देनी थी। जब उससे पूछा गया कि किसको सप्लाई देनी थी तो वह चुप हो गया। उससे टॉय गन के शॉट में भरे सफेद पाउडर के बारे में पूछा तो वह कुछ नहीं बोला। वह अधिकारियों के सवालों का ऐसे जवाब दे रहा था जैसे उसको अच्छी तरह से पढ़ाया गया हो कि स्काई बम और शॉट के बारे में कुछ भी बताया तो वह बुरी तरह से फंस जाएगा। उसने हर शातिर अपराधी की तरह अपना अपराध मानने से इंकार ही कर दिया। स्काई बम के बारे में वो ये कहता रहा कि उसे नहीं पता कि वो कहां से आए।
बिल्डिंग का मालिक संजय गुप्ता अभी तक गिरफ्तार नहीं
पुलिस ने पांच मजदूरों की गैर इरादतन हत्या के मामले में पटाखा गोदाम चलाने वाले गौरव गुप्ता को तो गिरफ्तार करके कोर्ट में पेश कर दिया लेकिन बिल्डिंग मालिक संजय गुप्ता अभी भी फरार है। सीओ कोतवाली अमित राय ने बताया कि आरोपी की तलाश में दबिश दी जा रही है, उसे भी जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
दूसरे धमाके के दौरान मौके पर था गौरव गुप्ता
पूछताछ में गौरव गुप्ता ने कुबूल किया कि जब उसे फैक्टरी में धमाके की जानकारी हुई तो वह मौके पर पहुंच गया। जब वो मौके पर पहुंचा तो लोगों की भीड़ लगी हुई थी। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर थे। जब रेस्क्यू शुरू किया गया तो दूसरा धमाका उसके सामने हुआ। इसके बाद वह चुपचाप वहां से निकलकर फरार हो गया।
मामा का ससुर लगता था रूपन साह
बिहार के भोजपुर कोईल का रहने वाला ठेकेदार रूपन साह गौरव गुप्ता का रिश्तेदार ही निकला। खुफिया एजेंसियों के अधिकारियों से उसने बताया कि रूपन साह उसके मामा का ससुर था। वह ही चारों मजदूरों को बिहार से लेकर आया था।