{"_id":"61c5fc6252e799113a0eaae3","slug":"tax-evasion-of-150-crores-bundles-of-notes-were-hidden-in-the-walls-in-a-film-way","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"150 करोड़ की कर चोरी: फिल्मी तरीके से दीवारों में छिपाए गए थे नोटों के बंडल, नजारा देख अधिकारियों की फटी रह गई आखें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
150 करोड़ की कर चोरी: फिल्मी तरीके से दीवारों में छिपाए गए थे नोटों के बंडल, नजारा देख अधिकारियों की फटी रह गई आखें
Sat, 25 Dec 2021 04:35 AM IST
प्रभापुंज मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Sat, 25 Dec 2021 04:35 AM IST
विज्ञापन
gst raid
- फोटो : amar ujala
साल 2018 में आई अजय देवगन की अभिनीत फिल्म ‘रेड’ तो याद ही होगी। आयकर अधिकारी बने अजय देवगन को एक सांसद के घर की दीवारों से नोटों के बंडल और जेवरात बरामद हुए थे। इसी तरह पीयूष जैन के आनंदपुरी स्थित घर की दीवारों से भी नोटों के बंडल मिले हैं। बुधवार को जब कार्रवाई शुरू हुई तो अफसरों को कई अलमारियां मिली थीं, जो बंद थीं। पीयूष जैन से कई बार अफसरों ने संपर्क किया लेकिन बात नहीं हो पाई। फिर दूसरे दिन अफसरों ने दूसरी चाभियों से ताले खोले। इनमें भारी मात्रा में कैश मिला। जिनकी गिनती शुक्रवार को चल ही रही थी। जांच के दौरान अधिकारियों को घर की कुछ दीवारें अन्य दीवारों से अलग लगीं। अधिकारियों ने दीवार को ठोंका तो खोखली लगी। दीवारों को तोड़ा गया तो अंदर से नोटों के बंडल गिरने लगे। ये बंडल पॉलिथीन और कागज में पैक थे। ये बंडल पांच सौ और सौ के नोटों के हैं।
gst raid
- फोटो : amar ujala
175 करोड़ से ज्यादा कैश मिलने के बाद इत्र कारोबारी, शिखर पान मसाला के मालिकों और ट्रांसपोर्टर प्रवीण जैन पर और शिकंजा कस सकता है। इत्र कारोबारी का विदेश तक कारोबार फैला है। ऐसे में जांच का दायरा बढ़ने की संभावना है। आयकर और ईडी की जांच शुरू होने पर विदेशी लेन-देन, बैंक लॉकरों, संपत्तियों का खुलासा हो सकेगा।
gst raid
- फोटो : amar ujala
एक समय में शिखर पान मसाला का शहर में बड़ा काम था। काम बढ़ने के बाद नोएडा में शिफ्ट हो गया लेकिन अभी भी शहर में बड़े स्तर पर कारोबार किया जा रहा है। इत्र कारोबारी पीयूष जैन ने 2007 में आनंदपुरी में मकान खरीदा था। वो कभी-कभी यहां आते थे। बेटे प्रत्युष और प्रियांश यहीं पर रहते थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
gst raid
- फोटो : amar ujala
बताया गया कि घर में अकूत धन होने के चलते बेहद सीमित संख्या में लोग आते जाते थे। घर में सीसीटीवी कैमरे नहीं हैं लेकिन घर के बाहर और छतों पर तारों की फेंसिंग है। रात में तारों में करंट भी दौड़ता था। घर के अंदर काले शीशे लगाए गए हैं। ताकि कोई अंदर की गतिविधियां न देख सके।
विज्ञापन
gst raid
- फोटो : amar ujala
घर को कभी अकेला भी नहीं छोड़ा जाता था। डीजीजीआई की कार्रवाई में आयकर, जीएसटी, कस्टम के अफसरों ने भी सहयोग किया। हालांकि अभी तक आयकर ने जांच नहीं शुरू की है। डीजीजीआई की कार्रवाई खत्म होने के बाद आयकर और ईडी इसकी जांच शुरू कर सकते हैं।