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एक साथ गांव पहुंचे सात शवों को देख पसरा मौत का सन्नाटा, आसुंओं की धार के बीच जली चिताएं, नहीं जला एक भी चूल्हा

Sat, 05 Dec 2020 02:47 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर Published by: प्रभापुंज मिश्रा Updated Sat, 05 Dec 2020 02:47 PM IST
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silence of death after seeing seven dead bodies reached in village, not a single hearth burnt in the edge of tears
सड़क हादसे में सात लोगों की मौत - फोटो : amar ujala
बांदा के चिल्ला थाना क्षेत्र का पपरेंदा गांव शुक्रवार को पुलिस की छावनी में तब्दील रहा। पूरे दिन अधिकारियों और राजनीतिक दलों के नुमाइंदों का आना-जाना लगा रहा। पूरा गांव शोक में था। इसी माहौल के बीच पांच शवों का उनके परिजनों ने गांव के ही श्मशान स्थल पर दाह संस्कार किया। एक साथ दो चिताएं जलीं।



 
silence of death after seeing seven dead bodies reached in village, not a single hearth burnt in the edge of tears
पांच शवों की जली चिता - फोटो : amar ujala
लालबहादुर और उसकी मासूम पुत्री का अंतिम संस्कार आज हुआ। पोस्टमार्टम के बाद गांव में शवों का पहुंचना देर रात से ही शुरू हो गया। पांचों शवों को उनके घरों में लाया गया। इनमें दो चचेरे भाई रामाधीन और रामगोपाल वर्मा के शव एक साथ उनके मकान के द्वार पर रखे गए।

 
silence of death after seeing seven dead bodies reached in village, not a single hearth burnt in the edge of tears
गांव में पसरा मातम - फोटो : amar ujala
पूरे गांव की महिलाएं, पुरुष यहां शोक जताने को मौजूद रहे। बच्चों और महिलाओं के करुण क्रंदन से आसपास गम का माहौल रहा। उधर, हादसे को लेकर परिजनों में रोष भी नजर आया। अपर पुलिस अधीक्षक महेंद्र प्रताप चौहान, एसडीएम सुधीर सिंह, क्षेत्राधिकारी और कई थानों के प्रभारी और फोर्स उपस्थित रहा। 

 
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गांव में हुआ अंतिम संस्कार - फोटो : amar ujala
भाजपा विधायक बृजेश प्रजापति, भाजपा जिलाध्यक्ष रामकेश निषाद, बलराम सिंह कछवाह आदि भाजपा नेता भी मृतकों के परिजनों से मिले और सांत्वना दी। कांग्रेस के पूर्व विधायक दलजीत सिंह ने भी परिजनों से मिलकर शोक जताया। इसी गांव के बाशिंदे सपा के पूर्व विधायक विशंभर सिंह यादव पूरे समय मौजूद रहे।

 
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रोते बिलखते मृतकों के परिजन - फोटो : amar ujala
सपा जिलाध्यक्ष विजयकरन यादव, पूर्व उपाध्यक्ष अशोक सिंह गौर, युवा कांग्रेस नेता केशव पाल आदि भी उपस्थित रहे। हादसे में मृतक लालबहादुर और उसकी बच्ची शान्हवी का अंतिम संस्कार शनिवार को होगा। परिजनों के मुताबिक मृतक लालबहादुर का बड़ा भाई रामबहादुर सेना में है। वह शनिवार को आएगा। तभी अंतिम संस्कार होगा।
 
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