फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

शनी अमावस्याः आज अक्षय फल देने वाले होंगे दान-पूजन, कुत्तों को खिलाएं काले गुलाबजामुन-इमरती

Sat, 17 Mar 2018 12:15 PM IST
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर Updated Sat, 17 Mar 2018 12:15 PM IST
विज्ञापन
shani amavasya today
शनि अमावस्या
शनैश्चरी अमावस्या उत्तराभाद्रपद नक्षत्र में आ रही है। 17 मार्च को राहुकाल सुबह 9 बजे से साढ़े 10 बजे तक रहेगा। इसमें शनिदेव की आराधना की जाए तो निश्चित ही लाभ होगा। जब सूर्य-चंद्रमा एक राशि में आते हैं और उस तिथि में शनिवार हो तो शनि अमावस्या कहलाती है। आज 17 मार्च को शनि अमावस्या है।

 
shani amavasya today
शनि अमावस्या
इस दिन किए गए दान-पूजन अक्षय फल देने वाले होते हैं, जिन जातकों की कुंडली में पितृ दोष, कालसर्प दोष एवं शनि प्रकोप होता है, उन जातकों पर प्रेतबाधा, जादू-टोना, डिस्क-स्लिप, नसों के रोग, बच्चों में सुखा रोग, गृहक्लेश, असाध्य बीमारी, विवाह का न होना, संतान का शराबी बनना एवं कभी-कभी अकाल दुर्घटना का कारण भी बन जाता है।
 
shani amavasya today
शनि अमावस्या
उपाय 
बलभद्र पीठाधीश्वर आचार्य विष्णु महाराज ने बताया कि किसी पवित्र नदी, तीर्थस्थान या महाराष्ट्र के शिंगणापुर के शनि मंदिर में स्नान करें और गणेश पूजन, विष्णु पूजन, पीपल का पूजन इस प्रकार करें। पीपल पर जल चढ़ाएं, पंचामृत चढ़ाकर गंगाजल से स्नान कराएं, रोली लपेट कर जनेऊ अर्पण करके पुष्प चढ़ाएं और नैवेद्य का भोग लगाकर नमस्कार करें। इसके बाद पीपल की सात परिक्रमा शनि के बीज मंत्र का जाप करते हुए करें और पीपल पर सात बार कच्चा सूत बांधें।
 
विज्ञापन
विज्ञापन
shani amavasya today
शनि अमावस्या
दान वस्तु:
भैंसे या घोड़े को चने खिलाएं और एक काली किनारी वाली धोती-कुर्ता, उड़द के पकौड़े, इमरती, काले गुलाबजामुन, छत्तरी तथा चिमटा आदि वस्तुओं का शनि मंदिर के पुजारी को दान देना चाहिए। शनि से पीड़ित जातक शनि यंत्र धारण करें तथा काला वस्त्र एवं नारियल को तेल लगाकर, काले तिल, उड़द की दाल, घी आदि वस्तुएं अंधविद्यालय, अनाथालय या वृद्धाश्रम में दान करें।
 
विज्ञापन
shani amavasya today
शनि अमावस्या
शनि प्रकोप एवं संतान से पीड़ित जातक को उड़द की दाल के पकौड़े, काले गुलाबजामुन एवं इमरती कुत्तों एवं कौओं को खिलाने चाहिएं। काली गाय का दान करने से पितृ दोष से पीड़ित जातकों की 7 पीढ़ियों का उद्धार होता है।
 
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed