इन दो महिला किसानों का कारनामा जानकर हैरान रह जाएंगे आप, जांच में हुआ बड़ा खुलासा
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शासन की ओर से खरीफ विपणन वर्ष 2017-18 में धान खरीद में की गई गड़बड़ी की जांच कराई जा रही है। खाद्य विभाग के अपर आयुक्त उन पचास किसानों का सत्यापन कराने का निर्देश दिया था जिन्होंने सरकारी क्रय केंद्रों पर 1 हजार क्विंटल से अधिक धान बेचा था। शासन से निर्देश व सूची उपलब्ध होने के बाद तहसीलदार शाहाबाद ने शाहाबाद क्षेत्र के किसानों के नाम, रकबे व उत्पादकता की जांच की जिसमें बड़े पैमाने पर गड़बड़ी पकड़ में आई। जांच में पाया गया कि सिंधौली गांव की गीता देवी 0.222 हेक्टेयर भूमि है जिस पर अधिकतम 14 क्विंटल धान उपजाया जा सकता है। जबकि उनके अभिलेखों पर केंद्र पर 1414 क्विंटल धान बेचा गया।
इसी तरह केंद्र पर 1248 क्विंटल धान बेंचने वाली हुमांयूपुर की किसान माधुरी के नाम दर्ज खेत व उसके रकबे की जांच की गई तो पाया गया कि उनके खेत में अधिकतम 40 क्विंटल धान ही उपजाया जा सकता है। तहसीलदार की ओर से रिपोर्ट मिलने के बाद यह साफ हो गया कि दोनों महिला कृषकों के अभिलेखों पर बिचौलियों ने नियम विरुद्ध ढंग से धान बेचा है।