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Kanpur Kidnapping: हर आंख नम, पुलिस ने दिया जिंदगी भर का गम, सभी से पूछती रही बहन रुचि, अब वो किसको बांधेगी राखी

Fri, 24 Jul 2020 10:53 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर Published by: प्रभापुंज मिश्रा Updated Fri, 24 Jul 2020 10:53 PM IST
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Kanpur kidnapping: Sister ruchi kept asking everyone that whom she will tie Rakhi now
kanpur kidnapping case - फोटो : amar ujala
अपहृत संजीत अब दुनिया में नहीं है। इसकी जानकारी गुरुवार देर रात घर पहुंचकर पुलिस ने दी तो परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। बेटे की राह तक रहे पिता बदहवास होकर गिर गए। मां और बहन रात भर रोती रहीं।


 
Kanpur kidnapping: Sister ruchi kept asking everyone that whom she will tie Rakhi now
kanpur kidnapping case - फोटो : amar ujala
मौके पर पहुंचने वालों की भी आंखें नम हो गईं। हर जुबान पर यही सुनने को मिला कि लापरवाह पुलिस ने बूढ़े माता-पिता को जिंदगी भर का गम दे दिया। बहन रुचि संजीत को याद कर सभी से पूछती रही कि ‘हाय मेरा भाई कहां चला गया, अब मैं रक्षाबंधन पर किसको राखी बांधूंगी’।

 
Kanpur kidnapping: Sister ruchi kept asking everyone that whom she will tie Rakhi now
kanpur kidnapping case - फोटो : amar ujala
‘हत्यारों ने हमारा इकलौता सहारा छीन लिया। मेरे भाई से कोई एक बार मिलवा दे, चाहे सब कुछ ले लो...। मां कुसुमा देवी आने-जाने वालों से कहती रहीं कि 28 साल मैंने अपने लाल को कैसे संभाल कर रखा और हत्यारों ने मेरी गोद सूनी कर दी।

 
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Kanpur kidnapping: Sister ruchi kept asking everyone that whom she will tie Rakhi now
kanpur kidnapping case - फोटो : amar ujala
अब इस गम के साथ कैसे जी पाएंगे...। खाकी वर्दी देखते ही मां उनसे कहने लगतीं ‘बेटा नहीं दिला सके तो कम से कम उसकी डेडबॉडी ही दिखला दो...। मां-बेटी हाल देखते नहीं बन रहा था। हर व्यक्ति पुलिस की लापरवाही को कोस रहा था।

 
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Kanpur kidnapping: Sister ruchi kept asking everyone that whom she will tie Rakhi now
kanpur kidnapping case - फोटो : amar ujala
बता दें कि कानपुर के बर्रा से 22 जून को लैब टेक्नीशियन संजीत यादव (28) का अपहरण फिरौती के लिए उसके दोस्त ने साथियों के साथ मिलकर  किया था। 26 जून को उसकी हत्या कर लाश पांडु नदी में फेंक दी थी। इसके बाद पुलिस को चकमा देकर 13 जुलाई को 30 लाख की फिरौती भी वसूल ली थी। बृहस्पतिवार रात पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए दोस्त कुलदीप, रामबाबू समेत चार लोगों को गिरफ्तार कर लिया है।
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