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क्या पुलिस क्या अधिकारी सब विकास का नाम सुन कांप उठते थे, कोठी की अनुमति से बिकरू में होते थे विकास कार्य
Sat, 18 Jul 2020 11:18 AM IST
प्रभापुंज मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Sat, 18 Jul 2020 11:18 AM IST
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Kanpur Encounter
- फोटो : अमर उजाला
कानपुर की बिकरू और भीटी ग्राम पंचायत के छोटे से बड़े सभी काम कुख्यात विकास दुबे के इशारे पर होते थे। उसके गुर्गों की फौज के सामने ग्रामीण ही नहीं, बल्कि विकास विभाग के अधिकारी-कर्मी बोलने की हिम्मत नहीं रखते थे। पुलिस और अधिकारी विकास का नाम सुन कांप उठते थे। शिवराजपुर विकास खंड के बिकरू और भीटी ग्राम पंचायत मिश्रित आबादी में बसे हैं।
Kanpur encounter
- फोटो : अमर उजाला
बिकरू से विकास दुबे के भाई दीपू दुबे की पत्नी अंजलि जबकि भीटी ग्राम पंचायत से जिलेदार सिंह ग्राम प्रधान है। कई वर्षों से विकास दुबे ने दोनों ग्राम पंचायतों में वहीं किया जो उसके मन में आया। आवास योजना, मनरेगा, पेंशन, स्वयं सहायता समूह, स्वच्छता-पेयजल-जागरुकता सीमित, राशन वितरण, भूमि आवंटन, आवास आवंटन समिति के लिए साल में चार खुली बैठक जरूरी है।
Kanpur encounter
- फोटो : अमर उजाला
लेकिन लखनऊ में रहने वाले विकास दुबे की प्रधान बहू अंजलि दुबे कभी भी नहीं आई। विकास दुबे और उसके गुर्गे ही गलत ढंग से अभिलेखों पर हस्ताक्षर कराते रहे। विकास विभाग (डेवलपमेंट डिपार्टमेंट) पर विकास दुबे का भय इतना था कि पंचायत भवन से परिवार रजिस्टर ही उसके गुर्गों ने पार कर दिया।
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kanpur encounter
- फोटो : amar ujala
मनरेगा योजना में बिकरू गांव में विकास दुबे का खास गुर्गा धर्मेंद्र दुबे उर्फ हीरू पंडित रोजगार सेवक है। वह वारदात में शामिल था और तभी से लापता है। वह अपने खास को ही रोजगार देेता था। बिकरू ग्राम पंचायत के ग्राम विकास अधिकारी अमित कटियार और भीटी ग्राम पंचायत के मनरेगा रोजगार सेवक विनोद कुमार ने चुप्पी साध रखी है।
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kanpur encounter
- फोटो : अमर उजाला
नियमानुसार ग्राम पंचायत के सभी अभिलेखों के रखरखाव, बनाने और संशोधन की जिम्मेदारी ग्राम विकास अधिकारी की है। ग्राम प्रधान या फिर ग्राम पंचायत की कार्यकारिणी यदि अभिलेखों को देखना चाहती है तो वह निश्चित अवधि के लिए इनको ले सकती है। बिकरू ग्राम पंचायत की स्थिति किसी से छिपी नहीं है, यदि पंचायत के अभिलेख गायब हैं तो जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी।
राजवीर सिंह, एडीओ पंचायत, शिवराजपुर
राजवीर सिंह, एडीओ पंचायत, शिवराजपुर