कन्नौज जिले में नाबालिग से दुष्कर्म के आरोप फंसे पूर्व ब्लॉक प्रमुख नवाब सिंह यादव की मुश्किलें अभी कम नहीं हुई हैं। जेल जाने के बाद अब राजस्व विभाग उसकी संपत्तियों को खंगाल रहा है। सदर एसडीएम ने नायब तहसीलदार के नेतृत्व में पांच लेखपालों की एक समिति गठित की है, जो उसकी चल और अचल संपत्ति का पता लगा रही है।
यदि अवैध संपत्ति मिली, तो उस पर कार्रवाई हो सकती है। पूर्व ब्लॉक प्रमुख नवाब सिंह यादव को पुलिस ने उसके डिग्री कॉलेज से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। इसके बाद पुलिस ने जब उसके आपराधिक रिकॉर्ड खंगाले, तो 16 मुकदमे मिले। इसके बाद जिला प्रशासन ने उसकी संपत्तियों की जांच कराने के लिए सदर एसडीएम रामकेश सिंह को निर्देश दिए।
2 of 10
पीड़िता का नमूना भी लिया
- फोटो : अमर उजाला
सदर एसडीएम ने नाबालिग से दुष्कर्म के आरोपी नवाब सिंह यादव के पैतृक गांव अड़ंगापुर से लेकर कन्नौज शहर, ग्राम नसरापुर स्थित चौधरी चंदन सिंह डिग्री कॉलेज तथा तिर्वा तहसील क्षेत्र में बने होटल की जांच शुरू कर दी है। एसडीएम ने बताया कि नायब तहसीलदार हिमांशु प्रभाकर, राजस्व निरीक्षक कन्नौज अरुण तिवारी, लेखपाल प्रिया पाल, विजयकांत शुक्ला, अमित मिश्रा, अभिषेक दुबे तथा सर्वे लेखपाल अमित रॉय को जांच की जिम्मेदारी दी गई है।x
3 of 10
नवाब सिंह
- फोटो : अमर उजाला
रिपोर्ट के आधार पर तय की जाएगी कार्रवाई
उन्होंने बताया कि शनिवार को संपूर्ण समाधान दिवस था, इसके बाद रविवार तथा सोमवार को रक्षाबंधन का अवकाश होने की वजह से जांच पूरी नहीं हो पाई। मंगलवार को जांच फिर से शुरू होगी। अगले दो-तीन दिन में रिपोर्ट मिल जाएगी, जिसे जिलाधिकारी को भेजा जाएगा और रिपोर्ट के आधार पर ही कार्रवाई तय की जाएगी।
4 of 10
पुलिस की गिरफ्त में आरोपी
- फोटो : वीडियो ग्रैब
कोई शातिर अपराधी है और उसके ऊपर एक दर्जन से अधिक मुकदमे हैं, तो उसकी संपत्तियों की जांच कराने का नियम है। दुष्कर्म के आरोपी नवाब सिंह यादव की संपत्तियों की जांच कराने के लिए सदर एसडीएम को निर्देशित किया गया है। यदि अवैध संपत्ति पाई गई, तो कार्रवाई होगी। -आशीष कुमार सिंह, अपर जिलाधिकारी
5 of 10
कन्नौज कांड
- फोटो : अमर उजाला
बुआ की तलाश में खाक छान रही पुलिस
नाबालिग भतीजी के साथ दुष्कर्म के मामले में आरोपी बुआ की तलाश में एसओजी ने नोएडा-दिल्ली समेत एनसीआर में कई संभावित ठिकानों पर छापेमारी की, लेकिन उसका कहीं पता नहीं चल सका है। आरोपी बुआ ने अपना मोबाइल फोन भी स्विच ऑफ कर लिया है, जिससे पुलिस को उसकी सही लोकेशन नहीं मिल पा रही है।