बांदा जिले में तंत्र-मंत्र के चमत्कार दिखाने की चाह में दंपती ने जान गवां दी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में दोनों की एक साथ मौत होने की पुष्टि हुई है। माना जा रहा है कि नट बाबा का भक्त रामबाबू किसी सिद्धि के लिए साधना कर रहा था। उसी में जहर खाकर चमत्कार दिखाने के चक्कर में खुद के साथ पत्नी की भी जान गवां दी।
सती होने की चाह...रह गई अधूरी: तंत्र-मंत्र और चमत्कार दिखाने में चली गई जान, बोला था- ले सकता हूं जल समाधि
रात 12 बजे रच रहा था श्वांग
अंधविश्वास में पड़कर चमत्कार करना चाहता था। रात 12 बजे के वह सिद्धि प्राप्त करने के लिए श्वांग रच रहा था। अति विश्वास के चक्कर में अपने साथ-साथ पत्नी की जान गंवा दी। इंस्पेक्टर संदीप सिंह ने बताया कि तंत्रमंत्र के जरिए वह कोई चमत्कार दिखाना चाह रहा था। इसके चलते उसकी जहर खाने से मौत हो गई।
सती होने की चाह भी रह गई अधूरी
वर्ष 2014 में कौशांबी जनपद के पश्चिम शरीरा गांव में मृतक रामबाबू ने चिता में बैठकर सती होने का स्वांग रचा था। हालांकि सही समय पर पश्चिम शरीरा थाने की पुलिस मौके पर पहुंच गई थी और पुलिस ने ग्रामीणों से मोर्चा लेते हुए रामबाबू को चिता से उठा दिया था। हालांकि इस घटना में दरोगा की सर्विस रिवाल्वर भी छीनी गई थी।
पुलिस ने घोषित किया था इनाम
रामबाबू घटना में फरार हो गया था। 32 ग्रामीणों के खिलाफ रिपोर्ट भी दर्ज हुई थी। पुलिस ने उस पर इनाम भी घोषित किया हुआ था। बाद में वर्ष 2021 में उसकी गिरफ्तारी भी हुई थी। इसके बावजूद उसका अंधविश्वास कम नहीं हुआ। वह लगातार तंत्र मंत्र से जुड़ा रहा।
चमत्कार दिखाने की करता था बात
भोले भाले ग्रामीणों को अपने श्वांग में फंसाकर मनगढ़ंत चमत्कार दिखाने की बात कहता रहा। चमत्कार की बात उसने लखनपुर गांव के ग्रामीणों से भी कही थी। लेकिन होनी को कुछ और ही मंजूर था। इंस्पेक्टर ने बताया कि मृतक के पास से तलाशी में मिली पर्ची में सिर्फ सती होना चाहता हूं ही स्पष्ट हो रहा है।