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बुंदेलखंड में खूनी संघर्ष का रूप ले रहीं अन्ना गाय, तीन जिलों के किसान आमने-सामने

Sun, 31 Dec 2017 09:35 AM IST
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर Updated Sun, 31 Dec 2017 09:35 AM IST
सार

- महोबा और हमीरपुर की गायों को बांदा हांकने का विरोध
- एक-दूसरे पर तानी लाठियां, बैरंग लौटाईं अन्ना गायें
- बांदा के मटौंध क्षेत्र की घटना, पुलिस अनभिज्ञ

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Conflict among farmers due to cows in bundelkhand
अन्ना गायों से परेशान हैं किसान
बुंदेलखंड में अन्ना गायें कानून और शांति व्यवस्था के लिए चुनौती बन गई हैं। फसलों को बचाने के लिए ‘मरता क्या न करता’ की तर्ज पर किसान आपस में ही टकरा रहे हैं। ताजी घटना में चित्रकूटधाम मंडल के बांदा, महोबा और हमीरपुर जनपदों के सीमावर्ती गांवों के किसानों के बीच शुक्रवार की रात खूनी संघर्ष बाल-बाल बच गया। महोबा के जनपद के किसान अन्ना गाय हांक कर बांदा जनपद की सीमा में दाखिल कर रहे थे।



 

किसानों ने रबी की बुवाई नहीं की

Conflict among farmers due to cows in bundelkhand
अन्ना गायों से परेशान हैं किसान
मटौंध क्षेत्र में पानी संकट के चलते 40 फीसदी किसानों ने रबी की बुवाई नहीं की। 60 फीसदी किसानों ने गेहूं, चना, सरसों आदि फसलें बोई तो उन्हें अन्ना मवेशियों का डर सता रहा है। कड़ाके की ठंड में रात-दिन किसान खेतों में डेरा डाले फसलें ताक रहे हैं। शुक्रवार की रात महोबा जनपद के रेवई और हमीरपुर जिले के सिरसी गांव के लगभग आधा सैकड़ा किसान लगभग दो सैकड़ा गायों को हांक कर बांदा जनपद के मटौंध में ले आए। खेतों में फसल ताक रहे किसानों ने झुंड देखा तो एकजुट होकर मोर्चा खोल दिया। तनातनी हो गई। एक-दूसरे को मारने के लिए हवा में लाठियां उठा लीं। किसानों के तीखे विरोध के चलते आखिरकार रेवई और सिरसी गांव के किसानों को अन्ना गायें वापस ले जाना पड़ीं।

 

...तो खूनी संघर्ष होने लगेगा

Conflict among farmers due to cows in bundelkhand
घूम रहा अन्ना मवेशियों का झुंड। 
मटौंध क्षेत्र के किसान बबलू सिंह, दाऊ सिंह, चतुर सिंह, परशुराम कुशवाहा, भैरम कुशवाहा, नन्हे कुशवाहा आदि ने बताया कि अन्ना मवेशियों की रोकथाम के लिए शासन-प्रशासन ने शीघ्र कड़े कदम नहीं उठाए तो खूनी संघर्ष होने लगेगा। उन्होंने बताया कि मटौंध में बने कान्हा गोशाला में लगभग एक हजार गायें बंद हैं। किसान व ग्रामीण चंदाकर चारा-भूसा का इंतजाम कर रहे हैं। उधर, इस बाबत मटौंध थाना इंस्पेक्टर अनीता सिंह चौहान ने बताया कि उन्हें ऐसी कोई जानकारी नहीं है।
 
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भूख और ठंड से दम तोड़ रही हैं अन्ना गाय

Conflict among farmers due to cows in bundelkhand
घूम रहा अन्ना मवेशियों का झुंड। 
बांदा अतर्रा में भूख व ठंड से अन्ना जानवर दम तोड़ रहे हैं। शनिवार को नरैनी रोड एक और अन्ना गाय ठंड से अकड़ गई। दुकानदारों ने नगर पालिका प्रशासन को पोन से सूचना दी, लेकिन गाय के शव को उठाने कोई नहीं आया। इससे ग्राहक व दुकानदार परेशान रहे। बता दें कि कस्बे में जगह-जगह आवारा जानवरों का जमघट है। कड़ाके की ठंड और भूख से लगातार इनकी मौत हो रही है। सप्ताह भर में आधा दर्जन गायें मर चुकी हैं। 
 
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दो किसानों की चटकर गए 13 बीघे की फसल 

Conflict among farmers due to cows in bundelkhand
अन्ना मवेशियों का झुंड
अन्ना मवेशियों के झुंड फसल चटकर रहे हैं। खेत में रात गुजारने के बाद किसान फसलों को नहीं बचा पा रहे हैं। शनिवार को दो किसानों की 13 बीघे में खड़ी गेहूं व राई की फसल चटकर गए।  सूखा के चलते व सिंचाई के अभाव में हजारों हेक्टेयर भूमि परती पड़ी है। जिन किसानों ने सिंचाई कर कर फसलें र्बोइं हैं वह भी अन्ना मवेशी चट कर रहे हैं। क्षेत्र में करीब 10 हजार अन्ना मवेशी घूम रहे हैं। जो गेहूं, अलसी, चना, मसूर, मटर, अरहर आदि को चट कर रहे हैं।
 
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