{"_id":"5f818cef0ca886453d092049","slug":"children-fainted-after-seeing-mother-s-without-head-corpse","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"बच्चाें ने देखा मां का खून से लथपथ कटा हुआ सिर तो हो गए बेहोश, पास में बैठे पिता के हाथों से टपक रहा था खून","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बच्चाें ने देखा मां का खून से लथपथ कटा हुआ सिर तो हो गए बेहोश, पास में बैठे पिता के हाथों से टपक रहा था खून
Sun, 11 Oct 2020 09:02 AM IST
प्रभापुंज मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बांदा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बांदा
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Sun, 11 Oct 2020 09:02 AM IST
विज्ञापन
पत्नी का सिर काट कर थाने जाता युवक
- फोटो : amar ujala
बांदा के बबेरू में शक के चलते एक हंसता-खेलता परिवार बर्बादी की कगार पर पहुंच गया। दो बेटों चौदह साल के संदीप और बारह साल के कुलदीप के सिर से जहां मां का साया उठ गया, वहीं अब पिता भी जेल की सलाखों के पीछे रहेगा। पिता ने दोनों बच्चों की मां की सिर काटकर हत्या तो कर दी, लेकिन अब कोतवाली परिसर में बेटों के भविष्य को लेकर चिंतित भी दिखा। वहीं बच्चों ने जब मां का कटा हुआ सिर देखा तो बेहोश हो गए।
मृतका का शव देख रोते बिलखते परिजन
- फोटो : amar ujala
किन्नर फिक्र है कि अब उसके बच्चों का भविष्य कैसे संवरेगा। कौन उनको पालेगा और किस तरह से आगे की पढ़ाई करेंगे। कोतवाली में मौजूद दोनों बच्चे संदीप और कुलदीप रो-रो कर सभी से यही कह रहे थे कि हम आगे कैसे पढ़ेंगे, कहां रहेंगे। पत्नी के पड़ोसी से संबंधों के शक में नफरत की आग में जल रहे पति किन्नर यादव को अपने दोनों बच्चों से काफी लगाव है।
पत्नी का सिर काट थाने पहुंचा युवक
- फोटो : amar ujala
कोतवाली में खुद को पुलिस के सामने सरेंडर करने के बाद उसने कहा कि वह तो जेल जा रहा है। अब दोनों बच्चों का लालन-पालन कैसे होगा। घटना के समय दोनों बेटे कोचिंग गए थे। जेपी शर्मा इंटर कॉलेज में बड़ा बेटा संदीप कक्षा नौ और छोटा कुलदीप कक्षा आठ में पढ़ते हैं। कालेज के शिक्षकों के मुताबिक, दोनों बच्चे पढ़ने में काफी होशियार हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
कटा सिर लेकर जहां से गुजरा फैल गई दहशत
- फोटो : amar ujala
कोतवाली में दोनों बच्चों ने बताया कि घटना से एक दिन पहले बृहस्पतिवार को पिता किन्नर ने उन्हें 3135 रुपये दिए थे। कहा था कि मम्मी से न बताना। बच्चों के मुताबिक, शाम तक कोई बात नहीं थी। सब ठीकठाक था। सभी ने हंसी खुशी खाना खाया। संदीप के मुताबिक, पता नहीं सुबह पापा को क्या हो गया। जब हम घर पहुंचे तो मां की सिर कटी हुई लाश पड़ी थी। दोनों बच्चे कोतवाली में यह बात बताते हुए फफक कर रो पड़े।
विज्ञापन
थाने में बैठा महिला का पति
- फोटो : amar ujala
बच्चों ने बताया कि मां विमला ने ईंट पाथने की मजदूरी कर यह घर बनवाया था। मां ने भैंस खरीदने के लिए बुधवार को बहुल्ला पुरवा जाकर एक हजार रुपये बयाना भी दिया था। शुक्रवार को उसे भैंस लेने बहुल्ला पुरवा जाना था। मां ने आजीविका मिशन समूह से 30 हजार रुपये कर्ज लिया था। बच्चों के मुताबिक, मम्मी-पापा के बीच कोई झगड़ा नहीं होता था।