श्रुति परिवार की अकेली सदस्य हैं, जिन्होंने कला वर्ग को चुनकर इतिहास पढ़ा। जबकि परिवार में सभी विज्ञान से पढ़े हुए हैं। श्रुति के परदादा जिले के नामचीन वैद्य रहे हैं, जबकि दादा भी डॉक्टर रहे हैं। ताऊ और तहेरी बहन डॉक्टर हैं और श्रुति के पापा इंजीनियर। श्रुति ने परिवार में सबसे अलग राह पकड़ी और कला वर्ग को चुन लिया। जिन्होंने इतिहास कुरेद कर सिविल सर्विसेज में सफलता की कुंजी को ढूंढ निकाला।
कौन हैं श्रुति शर्मा: पिता इंजीनियर और परिवार में कई डॉक्टर, अब बेटी ने रच दिया इतिहास
श्रुति के परदादा दयास्वरूप शर्मा जाने माने वैद्य हुआ करते थे, जोकि मूल रूप से थाना चांदपुर क्षेत्र के गांव अंथाई के रहने वाले थे। दादा डॉ. देवेंद्र दत्त शर्मा भी चिकित्सक थे। जबकि श्रुति के पापा सुनील दत्त शर्मा आर्किटेक्ट इंजीनियर हैं। सुनील दत्त शर्मा और रचना शर्मा की बेटी श्रुति शर्मा ने यूपीएससी परीक्षा में टॉप कर परदादा, दादा, पिता के साथ-साथ क्षेत्र को भी गौरवान्वित किया है।
श्रुति के ताऊ डॉ. यज्ञ दत्त शर्मा बताते हैं कि श्रुति हमारे परिवार में अकेली सदस्य है जो कला वर्ग से पढ़ी। बाकी सभी विज्ञान से पढ़े हुए हैं। हालांकि श्रुति का भाई क्रिकेटर है, जो अंडर 25 क्रिकेट में यूपी की ओर से खेलता है। पिता ने बास्टा में बाल ज्ञान निकेतन इंटर कॉलेज के नाम से विद्यालय संचालित किया हुआ है। जिसकी व्यवस्था सुनील देखते हैं। बीच-बीच में वे गांव आते रहते हैं।
दिल्ली में हुई श्रुति की शिक्षा
श्रुति के माता-पिता बास्टा के रहने वाले हैं, लेकिन अब दिल्ली में रहते हैं। पिता एक कंपनी में एमडी हैं। श्रुति की प्रारंभिक शिक्षा भी सरदार पटेल विद्यालय दिल्ली में हुई। श्रुति ने दिल्ली विश्वविद्यालय के संत स्टीफन कॉलेज से इतिहास विषय के साथ स्नातक ऑनर्स और जवाहर लाल नेहरू विश्ववविद्यालय से समाजशास्त्र से परास्नातक किया है। श्रुति ने अपनी सफलता का श्रेय परिवार, दोस्तों व शिक्षकों को दिया है। श्रुति ने यह सफलता 12 से 15 घंटे प्रतिदिन पढ़ाई कर हासिल की है।
दूसरे प्रयास में मिली सफलता
श्रुति के ताऊ डॉ. यज्ञ दत्त शर्मा और ताई सीमा शर्मा ने बताया कि श्रुति को बचपन से ही पढ़ाई में बहुत रुचि रही है। श्रुति को घर का खाना पसंद है। उसका चयन पहले प्रयास में एक नंबर से रह गया था। दूसरे प्रयास में सफलता मिली है। चांदपुर उपजिलाधिकारी हिमांशु वर्मा ने श्रुति के ताऊ डॉ. यज्ञ दत्त शर्मा के चांदपुर दया विहार कॉलोनी स्थित निवास पर पहुंचकर पुष्प गुच्छ भेंट किया और बेटी की सफलता पर उन्हें बधाई दी।