अरे यार... माई तौ नाहीं आ पइहैं... कम से कम दुनौ भाई अबान का आखिरी बार मुंह तौ देख लेइहैं... हटवा और चकिया की गलियों में शुक्रवार को दिनभर यही बात होती रही। शुक्रवार तड़के अबान का शव पहुंचने के बाद से ही हटवा में लोगों का हुजूम उमड़ पड़ा।
सुबह चार बजे के करीब अबान का शव हटवा निवासी बुआ परवीन कुरैशी के घर पहुंचा। इसके बाद आसपास के गांवों और शहर के विभिन्न हिस्सों से लोग घर पहुंचने लगे। बड़ी संख्या में वाहन पहुंचने के कारण कई जगह यातायात प्रभावित हुआ। पूरे दिन लोग परिवार के सदस्यों को ढांढस बंधाते रहे और हादसे से जुड़ी जानकारी लेते रहे।
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कसारी मसारी स्थित कब्रिस्तान में अतीक अहमद के बेटे अबान अहमद के जनाजे को लेकर तैनात पुलिसकर्मी
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
दूसरी ओर, चकिया स्थित अतीक अहमद के जमींदोज मकान के बाहर भी हजारों की संख्या में लोगों की भीड़ लगी रही। कई लोग सिर्फ घटनाक्रम की जानकारी लेने और माहौल देखने के लिए पहुंचते रहे। आसपास की गलियों और मुख्य मार्गों पर लोगों का जमावड़ा बना रहा। शहर के अलग-अलग इलाकों से भी लोग चकिया पहुंचते रहे।
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कसारी मसारी स्थित कब्रिस्तान में अतीक अहमद के बेटे अबान अहमद के जनाजे को लेकर तैनात पुलिसकर्मी
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
कब्रिस्तान के मुख्य प्रवेश द्वार पर पुलिस रही अलर्ट
कसारी-मसारी कब्रिस्तान में भी सुबह से ही हलचल शुरू हो गई थी। सुपुर्द-ए-खाक की तैयारियों के तहत कब्र पहले ही खोद दी गई थी। दोपहर होते-होते कब्रिस्तान के बाहर बड़ी संख्या में लोग जुटने लगे। कई लोग लंबे समय तक वहीं खड़े रहकर अंतिम रस्म का इंतजार करते रहे। सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर कब्रिस्तान के मुख्य प्रवेश द्वार पुलिस तैनाती थी। बाद में पता चला कि सुपुर्द-ए-खाक शनिवार को होगा।
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अबान अहमद का फाइल फोटो
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
धूमनगंज समेत कई थानों की पुलिस रही तैनात
संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए थे। हटवा, चकिया, कसारी-मसारी कब्रिस्तान और आसपास के प्रमुख मार्गों को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया था। करेली, धूमनगंज समेत पूरामुफ्ती थाने की पुलिस अलग-अलग स्थानों पर तैनात रही। सुरक्षा एजेंसियों के अधिकारी पूरे दिन हालात पर नजर बनाए रहे। पूरे दिन इन इलाकों में गम, संवेदना, चर्चाओं और सुरक्षा व्यवस्थाओं का मिला-जुला माहौल रहा।
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हादसे में क्षतिग्रस्त कार
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
जुमे की नमाज के बाद सुपुर्द-ए-खाक की रही चर्चा
लोगों के बीच यह चर्चा रही कि जुमे की नमाज के बाद अबान को सुपुर्द-ए-खाक किया जाएगा। हालांकि, बाद में जानकारी मिली कि अंतिम संस्कार से पहले भाई अली और उमर की कोर्ट में पैरोल संबंधी सुनवाई होनी है।