करीब 93 साल पहले आगरा की हवा, पानी इतना अच्छा था कि राष्ट्रपिता महात्मा गांधी अपनी सेहत सुधारने के लिए पूरे 11 दिन तक यमुना नदी के किनारे बगीची में रुके थे। पेट दर्द की समस्या पर बापू आगरा के प्रसिद्ध वैद्य का परामर्श और यमुना नदी के किनारे कुएं के पानी को पीने के लिए आए थे, जिसके लिए यह मान्यता थी कि कुएं का साफ पानी पेट दर्द की समस्या दूर करने में सहायक है। 11 से 21 सितंबर 1929 तक यमुना नदी के किनारे एत्माददौला स्मारक से सटी बृजमोहन दास मेहरा की बगीची में कुएं के पानी को पिया और सैंया ब्लॉक के बृथला ताल पर भी गए थे। जहां बापू 11 दिन रुके, उस गांधी स्मारक पर अब ताला लगा है। कल-कल करती कालिंदी के किनारे बृजमोहन दास मेहरा की बगीची में वर्ष 1929 में बापू ने कस्तूरबा गांधी, आचार्य कृपलानी, मीरा बहन, जय प्रकाश नारायन की पत्नी प्रभावती के साथ 11 दिन तक प्रवास किया। यहां उनसे मिलने के लिए शहर के गांधीवादी और प्रसिद्ध नेता पहुंचते थे।
बापू की पुण्यतिथि: सेहत सुधारने के लिए कालिंदी किनारे 11 दिन रुके थे महात्मा गांधी, आगरा के वैद्य से लिया था परामर्श
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Sun, 30 Jan 2022 10:58 AM IST
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