ताज महोत्सव में शनिवार की शाम गुलाबी सर्दी के बीच एयरफोर्स के विंग कमांडर संतोष अस्थाना ने रोमांटिक गीतों से शिल्पग्राम को महका दिया। इसके बाद लाफ्टर नाइट में स्टैंड अप कॉमेडियनों सुनील पाल, राजू रैंचो, दीपू श्रीवास्तव और पीके मस्त ने हंसी की फुलझड़ियां छोड़ीं। देर रात तक चारों स्टैंड अप कॉमेडियनों ने दर्शकों को हंसा-हंसा कर लोट-पोट कर दिया।
ताज महोत्सव में मुक्ताकाशीय मंच पर एयरफोर्स के विंग कमांडर संतोष अस्थाना की आवाज का जादू दर्शकों के सिर चढ़कर बोला। उन्होंने कई गीत सुनाए, जिन श्रोता झूमते नजर आए। वहीं शिल्प मेले में खरीदारी करने आई महिलाएं और युवा उनकी आवाज के जादू पर मुक्ताकाशीय मंच पर आ गए और उनके साथ सुर मिलाते रहे। कई गीतों को उन्होंने पेश किया। संतोष अस्थाना कभी रोमांटिक गीत गुनगुनाते रहे तो कभी जोशीले गीतों से युवा दर्शकों को झूमने को मजबूर करते रहे।
टीवी पर प्रसारित हुए लॉफ्टर शो में रतन नूरा के किरदार के जरिए लोगों को हंसाने वाले कॉमेडियन सुनील पाल अपने साथियों साथ मंच पर आए तो लोगों ने उन्हें रतन नूरा के नाम से ही पुकारा। पाल ने राजनीति, समाज, मौजूदा माहौल और पारिवारिक माहौल पर अपने किरदारों के जरिए हास्य रस की फुहार की।
स्टैंड अप कॉमेडियन राजकुमार रैंचो ने अपनी विशिष्ट शैली में जो हास्य रचनाएं पेश की, वह टीवी के उलट ज्यादा प्रभावित करती दिखीं। राजू रैचों को बच्चों की सबसे ज्यादा तालियां मिलीं। रैंचो के किरदार के जरिए राजू ताज महोत्सव में छाए रहे। दीपू श्रीवास्तव और पीके मस्त ने चुटकुले के जरिए लोगों को लोट पोट कर दिया।
आगरा घराने की बंदिशें इस महोत्सव में पहली बार शनिवार को गूंजी। संदीप भट्टाचार्य ने बंदिशों को पेश किया। मीतू सिंह ने भरतनाट्यम की प्रस्तुति दी तो वहीं दिनेश कुमार की बांसुरी के सुरों ने तालियां बटोरीं। बृज लोक संगीत को सुनीता धाकड़ ने पेश किया। भंवर सिंह खींची ने सितार वादन और जीएल गुणे संगीत अकादमी ने सांस्कृतिक कार्यक्रम पेश किए।