सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर हिमाचल प्रदेश के जिला सोलन के कसौली में 13 अवैध होटलों को गिराने गई प्रशासनिक टीम पर गेस्ट हाउस के एक मालिक ने तीन गोलियां दाग दीं। दो गोलियां महिला अधिकारी को लगीं जिसने मौके पर ही दम तोड़ दिया। जबकि एक गोली लोनिवि के कर्मचारी को लगी। उसे गंभीर हालत में पीजीआई चंडीगढ़ रेफर कर दिया गया है।
पुलिस और प्रशासन की चार और एक नोडल अधिकारियों की टीमें एसडीएम की मौजूदगी में कार्रवाई के लिए पहुंची थी। टीसीपी की जिस अधिकारी को गोली लगी है वह एक टीम की समन्वयक थी। भारी पुलिस बल होने के बावजूद आरोपी वारदात के बाद मौके से फरार हो गया। पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर आरोपी की धरपकड़ को टीमें भेज दी हैं।
घटना के बाद से इलाके में तनाव का माहौल है। हालांकि कब्जे हटाने की कार्रवाई दिनभर चली रही, लेकिन कर्मचारियों में दहशत का माहौल रहा। महिला अधिकारी पर गोली चलाने का आरोपी विजय ठाकुर बिजली बोर्ड में कार्यरत हैं। बोर्ड मुख्यालय कुमार हाउस में निदेशक सिविल के पीए के पद पर कार्यरत विजय इन दिनों तीन हफ्ते की छुट्टी पर है। बोर्ड अधिकारियों ने बताया कि 23 अप्रैल से 11 मई तक विजय ठाकुर ने तीन हफ्ते की छुट्टी ली हुई है। आरोपी को गिरफ्तार करने के लिए धर्मपुर से पुलिस की टीम रवाना हो गई है।
पुलिस के अनुसार 38 सदस्यीय चार टीमें 13 अवैध होटलों को गिराने के लिए धर्मपुर से कसौली के लिए निकलीं। अन्य होटलों पर कार्रवाई करने के बाद सहायक नगर नियोजन अधिकारी शैल वाला के नेतृत्व में टीम दोपहर 2.30 बजे जैसे ही मंढोधार में नारायणी गेस्ट हाउस पहुंची तो गेस्ट हाउस के मालिक विजय ठाकुर ने हंगामा करना शुरू कर दिया।
महिला अधिकारी से तू-तू मैं-मैं होने के बाद विजय ने अपनी लाइसेंस रिवॉल्वर निकाली और तीन गोलियां दाग दीं। एक गोली महिला की छाती और दूसरी जबड़े में लगी। उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया। तीसरी गोली लोनिवि कर्मचारी के पेट में लगी। घटना के बाद अफरा-तफरी मच गई और आरोपी मौका देखकर फरार हो गया।