हिमाचल में पिछले 48 घंटों से जारी मूसलाधार बारिश और भूस्खलन से तीन लोगों की मौत हो गई है, जबकि एक महिला गंभीर रूप से घायल है। 24 घंटों में मंडी समेत चार जिलों में रिकॉर्डतोड़ बारिश हुई है।
मंडी के गोहर में इस सीजन की अब तक की सबसे ज्यादा 207 मिलीमीटर बारिश रिकार्ड हुई है। शिमला, बिलासपुर, सोलन और सिरमौर जिले में भी भारी बारिश हुई। सूबे के नदी-नाले उफान पर हैं।
मंडी जिला प्रशासन ने अलर्ट जारी करते हुए चेतावनी दी है कि पंडोह और लारजी डैम के गेट कभी भी खोले जा सकते हैं। प्रदेश में 100 से अधिक संपर्क मार्ग बंद हो गए हैं। कई क्षेत्रों में मक्की की फसल बरबाद हो गई है। कई जगह घर क्षतिग्रस्त हुए हैं। शिमला और कुल्लू में हवाई सेवाएं शुक्रवार को भी ठप रहीं।
कुल्लू के बंजार की नोहांडा पंचायत में पहाड़ी से पत्थर गिरने से एक बुजुर्ग भेड़ पालक की मौत हो गई। बकरियां चराने गया मोहर सिंह (85) निवासी नडाहर घर नहीं लौटा तो ग्रामीणों ने उसकी तलाश की। पहाड़ी के नीचे उसका शव बरामद हुआ।
मुल्थान के अंद्रली मलाह गांव में देवता मेले से लौट समय जोगिंद्रनगर निवासी जगन्नाथ पैर फिसलने से पुल से गिर गया। टांडा के बाद उसे पीजीआई रेफर किया, लेकिन उसने दम तोड़ दिया। हमीरपुर में छत पर जमा बारिश के पानी को निकालते समय बुजुर्ग चरण दास नीचे गिर गया। अस्पताल में उनकी मौत हो गई। आनी बाजार जा रही एक महिला मलबे की चपेट में आने से घायल हो गई।