हिमाचल में भारी बारिश के बीच आंधी और बिजली ने जमकर तबाही मचाई है। मौसम के इस कहर से तीन लोगों की मौत हो गई जबकि कई घायल हो गए। तेज अंधड़ से 100 से ज्यादा घरों, स्कूलों और दुकानों के छप्पर उड़ गए तो कई भवन क्षतिग्रस्त हो गए हैं। कई इलाकों में पेड़ गिरने से तार-खंभे टूटकर गिर गए जिससे विद्युत आपूर्ति ठप हो गई। नेशनल हाईवे समेत दर्जनों सड़कें भी अवरुद्ध हो गई। ओलावृष्टि से सेब, आम, आड़ू और प्लम जैसी फसलों को भी इससे भारी नुकसान पहुंचा है।
जानकारी के मुताबिक रामपुर के ननखड़ी खंड के खड़ाहन गांव में बिजली गिरने से दो लोगों की मौत हो गई जबकि आठ बुरी तरह से झुलस गए। एक की हालत नाजुक बनी हुई है। घायलों में पुलिस इंस्पेक्टर संजीव और एएसआई होशियार सिंह भी शामिल हैं। मृतकों की पहचान गुलशन (24) गांव दारचा और तारा चंद (32) गांव खड़ाहन के रूप में हुई है।
गंभीर घायल हेत राम को आईजीएमसी शिमला रेफर किया गया है। बताया जा रहा है कि ये लोग खाई में गिरे व्यक्ति का शव लेकर पुलिस के साथ आ रहे थे। कांगड़ा जिले के पंचरुखी के बनोड़ू में रात को अंधड़ से एक पेड़ ढाबे पर गिर गया, जिससे भीतर सो रहे ढाबा मालिक अर्जुन (62) की मौके पर ही मौत हो गई।
रोहतांग, चंबा, किन्नौर में बुधवार को ताजा बर्फबारी हुई है। शिमला समेत प्रदेश के अधिकांश क्षेत्रों में मूसलाधार बारिश के चलते ठंडक बढ़ने से लोगों को गर्मी से राहत मिली है। शिमला में बुधवार सुबह के समय ओले भी गिरे हैं। आंधी से सेब के पेड़ों पर लगे फूल झड़ गए हैं।
कहां, कितनी बर्फबारी- रोहतांग दर्रा-30, कोकसर-15, केलांग-08, सोलंगनाला-06 (सेंटीमीटर में)। बारिश-बर्फबारी से प्रदेश में अधिकतम तापमान दस डिग्री तक लुढ़क गया है। बुधवार को शिमला में अधिकतम तापमान 14.0, ऊना में 26.0, नाहन में 24.8, सोलन में 19.5, सुंदरनगर में 19.9, भुंतर में 17.0, धर्मशाला में 25.8, कल्पा में 5.0 डिग्री दर्ज किया गया है।