एनआईटी श्रीनगर में पढ़ने वाले बाहरी राज्यों के छात्रों को वापस उनके राज्य भेजा जा रहा हैं। शनिवार को छात्रों को श्रीनगर से जम्मू पहुंचाया गया। यहां से छात्रों को अंडमान एक्सप्रेस ट्रेन से दो अतिरिक्त बोगियां लगाकर उनके घरों की ओर रवाना किया गया। ट्रेन में छात्रों की सुविधा के लिए रेलवे ने दो अतिरिक्त स्लीपर बोगियां लगाई हैं। अंडमान एक्सप्रेस श्री माता वैष्णो देवी कटरा से चेन्नई तक सप्ताह में तीन दिन चलती हैं।
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अंडमान एक्सप्रेस से भेजे गए कश्मीर में मौजूद बाहरी राज्यों के छात्र
- फोटो : अमर उजाला
अंडमान एक्सप्रेस जम्मू रेलवे स्टेशन से रात 11:45 पर चलती है। एनआईटी श्रीनगर में देश के विभिन्न राज्यों के काफी संख्या में छात्र पढ़ते हैं। घाटी में तनावपूर्ण हालात को देखते हुए प्रशासन ने छात्रों को शनिवार सुबह घाटी से बाहर निकाला था। छात्रों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने एसआरटीसी की बसों से उन्हें जम्मू पहुंचाया।
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अंडमान एक्सप्रेस से भेजे गए कश्मीर में मौजूद बाहरी राज्यों के छात्र
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पिछले वर्ष भी एनआईटी श्रीनगर में तनाव के बाद बाहरी राज्यों के छात्रों को उनके घर भेजा गया था। एनआईटी के छात्रों को अगले आदेश तक वापस नहीं आने को कहा है। अंडमान एक्सप्रेस कटरा-चेन्नाई के बीच सप्ताह में मंगलवार, शुक्रवार और शनिवार को चलती है।
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अंडमान एक्सप्रेस से भेजे गए कश्मीर में मौजूद बाहरी राज्यों के छात्र
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अमरनाथ यात्रा स्थगित होने के साथ ही राज्य में बने हालात के कारण शहर में रुके बाहरी राज्यों के श्रद्धालु और विद्यार्थी घरों के लिए लौटने लगे हैं। इसकी वजह से रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड में भीड़ बढ़ गई है। हालांकि अभी रेलवे स्टेशन के आरक्षण केंद्र पर टिकटों के लिए मारामारी कम दिख रही है।
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अंडमान एक्सप्रेस से भेजे गए कश्मीर में मौजूद बाहरी राज्यों के छात्र
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रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म और परिसर में यात्रियों की भीड़ दिखाई दे रही है। इनमें सबसे ज्यादा यूपी और मध्यप्रदेश के यात्री हैं, जो अमरनाथ यात्रा पर आए थे। वहीं कश्मीर में एनआईटी में पढ़ने वाले बाहरी राज्यों के छात्र भी लौट रहे हैं। राजस्थान से आए राजकुमार ने बताया कि उनका एनआईटी श्रीनगर में एडमीशन था, लेकिन हालात बदलने लगे हैं। इसलिए बिना एडमीशन के लौटना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि भविष्य का सवाल तो है, लेकिन हालात ठीक नहीं है। ऐसे में घाटी में रहना खतरे से खाली नहीं है।