विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

From nearby cities

जम्मू-कश्मीरः कोरोना के खिलाफ जंग में गांव वालों ने बना दी सेना, दिन-रात पहरा दे रहे हैं युवा

कोरोना वायरस पर रोकथाम लगाने में जुटे सरकारी अमले के साथ आम लोग भी युद्धस्तर पर जुट गए हैं। शहर से सटे नगरोटा ब्लॉक की खानपुर पंचायत में नायब सरपंच सम...

6 अप्रैल 2020

विज्ञापन
विज्ञापन

जम्मू

शुक्रवार, 10 अप्रैल 2020

आतंकी की मां बोली- जिसके पास भी है मेरा बेटा, वापस कर दो

मैं आसिफ की मां हूं, अगर वह किसी के पास है तो उसको वापस कर दे... मैं बहुत परेशान हूं, मैं टूट चुकी हूं... मेरा आखरी सहारा वही हैं... उसको वापस भेजें... अगर किसी को उसके बारे में कुछ पता है तो हमासे संपर्क करे...हमें उसको वापस किया जाए...उसके बहन-भाई हम मां-बाप सब परेशान हैं...अगर वो किसी के पास है तो वह उसको वापस भेजे अपने मां-बाप के पास उसको वापस भेजे...हम सब परेशान हैं...ना उसकी कुछ खबर है ना ही उसका कुछ पता है...

यह आसिफ मजीद डार की मां की गुहार है जो 19 मार्च को लश्कर के बैनर तले काम करने वाले आतंक संगठन टीआरएफ में शामिल हुआ है। आसिफ का परिवार काकपुरा, पुलवामा का रहने वाला है। इस मामले में  भारतीय सेना परिवार का पूरा सहयोग दे रही है कि किसी भी तरह आसिफ को वापिस मुख्यधारा में शामिल किया जा सके।
... और पढ़ें

गरीबों और निराश्रितों को आर्थिक संकट से प्रभावित नहीं होने देंगे: रुखसाना गनी

श्रीनगर। देश में लॉक डाउन जारी होने के चलते, समाज कल्याण विभाग श्रीनगर के महानिदेशक (डीजी) रुखसाना गनी ने वीरवार को कहा कि सरकार केंद्र शासित प्रदेश में रहने वाले गरीबों और निराश्रितों को आर्थिक संकट से प्रभावित नहीं होने देगी। कोविड-19 के कारण होने वाली परेशानी को कम करने के लिए प्रशासन ने एकीकृत सामाजिक सुरक्षा योजना ( आईएसएसएस) के तहत कश्मीर संभाग में 3.2 लाख पेंशनरों को दो महीने का अग्रिम भुगतान जारी किया है। महानिदेशक ने कहा कि विभाग द्वारा बुजुर्गों की, शारीरिक रूप से अक्षम लोगों, संकटग्रस्त और निराश्रित महिलाओं को कोविड -19 लॉकडाउन के कारण होने वाली परेशानी को कम करने के लिए कई उपाय किए गए हैं। उन्होंने कहा कि गरीब व्यक्तियों के लिए 1000 रुपये की दो महीने की अग्रिम पेंशन, जिसमें बुजुर्ग व्यक्ति, विधवाएं और अन्य आर्थिक रूप से पिछड़े लोग शामिल हैं के साथ सरकार द्वारा लगभग 1.04 लाख लोगों के लिए नई पेंशन को मंजूरी दी गई है। उन्होंने कहा कि सरकार जल्द ही इन लाभार्थियों को दो महीने की पेंशन का भुगतान भी करेगी। जरूरतमंद लोगों की मदद के लिए हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया है। इसके साथ ही लगभग 5.75 लाख छात्रों को छात्रवृत्ति प्रदान की गई है। विभाग संस्थानों को सैनिटाइजर, फेस मास्क सहित अन्य जरूरत का सामान भी उपलब्ध करवा रहा है। उन्होंने बताया कि विभाग ने ऐसी समितियां गठित की हैं, जो सरकारी और गैर-सरकारी संस्थाओं द्वारा संचालित बाल-चिकित्सा संस्थानों के साप्ताहिक निरीक्षण कर रही हैं। गनी ने कहा कि सरकार और एनजीओ दोनों को पर्याप्त और अच्छी गुणवत्ता वाले राशन की आपूर्ति की जा रही है, ताकि मौजूदा स्थिति में चाइल्ड कैअर को नुकसान न हो। उन्होंने कहा कि समाज कल्याण विभाग को स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं और अन्य सभी सरकारी अधिकारियों के परिवारों की देखभाल का जिम्मा भी सौंपा गया है, जो कोविड -19 ड्यूटी पर हैं। हमारा स्टाफ दैनिक आधार पर इन परिवारों तक पहुंच रहा है। ... और पढ़ें

समाज कल्याण विभाग जरूरतमंदों की मदद सुनिश्चित करेगा: रेहाना बतुल

अमर उजाला ब्यूरो जम्मू। समाज कल्याण विभाग जम्मू की महानिदेशक रेहाना बतुल ने कहा कि कोरोना वायरस लॉकडाउन के दौरान समाज के आर्थिक रूप से कमजोर और दलित वर्गों की परेशानी को कम करने के लिए समाज कल्याण विभागचौबीस घंटे काम कर रहा है। उसने कहा कि बड़ी संख्या में पेंशनभोगी जीविका के लिए सरकार पर निर्भर हैं और इनमें वृद्धावस्था, विधवा और शारीरिक रूप से अक्षम पेंशनभोगी शामिल हैं। उन्होंने कहा कि तत्काल राहत के हिस्से के रूप में, प्रशासन ने जम्मू डिवीजन में 3,16,451 मौजूदा लाभार्थियों को दो महीने का अग्रिम भुगतान प्रदान किया है। इसके अलावा, डिवीजन में लगभग 90,000 के पक्ष में नई पेंशन को सरकार द्वारा अनुमोदित किया गया है जिसके लिए सत्यापन लगभग पूरा हो चुका है; सभी सत्यापित मामलों में पेंशन 4-5 दिनों के भीतर वितरित की जाएगी। उन्होंने बताया कि विभाग ने एक लाख से अधिक छात्रों को 31 मार्च 2020 तक छात्रवृत्ति प्रदान की है। एससी, ओबीसी, आर्थिक रूप से पिछड़े छात्रों को विभिन्न केंद्र और यूटी प्रायोजित योजनाओं के तहत ये छात्रवृत्ति प्रदान की जा रही है। उन्होंने बताया कि विभाग सरकारी और गैर-सरकारी संस्थाओं द्वारा संचालित बाल-चिकित्सा संस्थानों के साप्ताहिक निरीक्षण कर रही हैं। उन्होंने कहा कि विभाग इन संस्थानों को पर्याप्त और अच्छी गुणवत्ता का राशन सुनिश्चित करने के अलावा इन संस्थानों को मास्क, सैनिटाइज़र और अन्य सुरक्षा उपकरण प्रदान कर रहा है, ताकि लोगों को मौजूदा स्थिति के दौरान नुकसान न हो। महानिदेशक ने आगे कहा कि विभाग के अलावा अन्य एकीकृत विंग, विकास सेवा (आईसीडीएस), एकीकृत बाल संरक्षण योजना (आईसीपीएस ) भी कोविड-19 के दौरान संकटग्रस्त और निराश्रितों की परेशानी को कम करने के लिए युद्धस्तर पर काम कर रहे हैं। ... और पढ़ें

कश्मीर में मिले 24 और संक्रमित, प्रदेश में मरीजों की संख्या पहुंची 184, अबतक चार की मौत

जम्मू-कश्मीर में कोरोना संक्रमण का दायरा लगातार बढ़ रहा है। आज यानी कि गुरुवार को कश्मीर संभाग में 24 नए संक्रमित मिले हैं। इसके साथ ही अब प्रदेश में कुल संक्रमित मरीजों की संख्या 184 हो गई है। इनमें से 32 मामले जम्मू संभाग के और 152 मामले कश्मीर संभाग के हैं। इससे पहले बुधवार को पहली बार एक ही दिन में सर्वाधिक 33 नए मामले सामने आए थे।

वहीं उधमपुर निवासी कोरोना संक्रमित महिला की मौत भी हुई। 62 वर्षीय महिला को बुधवार सुबह जीएमसी, जम्मू में भर्ती कराया गया था। जहां देर शाम महिला ने दम तोड़ दिया। जम्मू संभाग में कोरोना से यह पहली मौत है। अब तक प्रदेश में मरने वालों की कुल संख्या चार हो गई है।

बुधवार को मिले नए संक्रमितों में तीन जम्मू संभाग के सुजवां के हैं। पीड़ितों में सबसे ज्यादा संख्या तब्लीगी जमात से जुड़े लोगों की बताई जा रही है। प्रदेश सरकार के प्रवक्ता रोहित कंसल ने नए मामलों की पुष्टि की है। अधिकारियों ने बताया कि अब तक कश्मीर संभाग में कोरोना संक्रमित तीन मरीजों की मौत हो गई है, जबकि छह मरीज स्वस्थ हो चुके हैं। इस बीच बुधवार को स्किम्स, सौरा से दो संक्रमित मरीजों को स्वस्थ होने के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है।
... और पढ़ें
जम्मू कश्मीर में कोरोना वायरस जम्मू कश्मीर में कोरोना वायरस

कोरोना से जंग में डटे ये योद्धा, बोले- हम घर नहीं जाते ताकि देश जीते, आप भी अपना कर्तव्य करें

किसी भी जंग को जीतने में पूरी सेना का संयुक्त योगदान महत्वपूर्ण होता है। चाहे वह मैदान में मोर्चे पर हो या उसकी रणनीति बनाने में शामिल हो। वैश्विक बीमारी कोरोना को हराने में जनता के योगदान को कोई नकार नहीं सकता। इस संक्रमण के खतरे को नियंत्रित करने में जुटे योद्धाओं की वजह से ही हम यह सोच सकते हैं कि आने वाले दिनों में हम और हमारा परिवार पूरी तरह सुरक्षित रहेगा। कोरोना योद्धाओं का ही जज्बा है कि वह बिना किसी डर के लगातार जम्मू-कश्मीर को सुरक्षित बनाने के मोर्चे पर डटे हुए हैं। ऐसे कुछ योद्धाओं के बारे में हम आपको बताने जा रहे हैं....

इन योद्धाओं में श्रीनगर के सीडी अस्पताल में चेस्ट डिजीज के एचओडी डॉ नवीद नजीर शाह और श्रीनगर के जिला उपायुक्त डॉ शाहिद इकबाल चौधरी शामिल हैं। दोनों ने अमर उजाला से कई अहम बातें साझा की। साथ ही इस युद्ध में आने वाली चुनौतियों के बारे में भी बताया।

डॉ नवीद नजीर शाह ने कहा कि इस दौर में दिन-रात जैसी कोई बात ही नहीं रही है। पहले सुबह 10 से शाम 4 बजे तक काम करने का शेड्यूल रहता था लेकिन इस समय ऐसा कोई शेड्यूल नहीं है। सुबह होते ही और देर रात तक अस्पताल में मरीजों की देख-रेख में समय बीत जाता है। कुछ घंटे ही आराम करने के लिए मिल पाते हैं। युद्ध स्तर पर इस जंग को जीतने का काम चल रहा है। हमारे सभी साथी इस जंग को जीतने के लिए दिन-रात जुटे हुए हैं।

दो-तीन दिन में थोड़ी देर के लिए ही घर जाता हूं, इस दौरान पूरा ध्यान रखता हूं कि घरवालों के संपर्क में ज्यादा न आऊं। डॉ नवीद ने कहा कि इस महामारी के दौरान काफी चुनौतियां सामने आ रही हैं। जिसमें सबसे बड़ी चुनौती है कि मरीज को अस्पताल में भर्ती होने के लिए समझाना।    

 
... और पढ़ें

जम्मू-कश्मीर में कोरोना के तीसरे चरण से लड़ने की तैयारी, बढ़ते मामलों की वजह से उठाया जा रहा ये कदम

जिला उपायुक्त डॉ शाहिद इकबाल चौधरी, डॉ नवीद नजीर शाह
जम्मू-कश्मीर में कोरोना संक्रमित मरीजों की संख्या में पिछले एक सप्ताह के दौरान हुई वृद्धि के मद्देनजर कोरोना संक्रमण के तीसरे चरण से निपटने की तैयारी शुरू कर दी है। अस्पतालों में संसाधनों को तीसरे चरण की स्थितियों के लिए अपडेट किया जा रहा है।

मरीजों को बेहतर उपचार देने के लिए यह कदम उठा रहा है। जम्मू में तीन निजी अस्पतालों सहित 11, जबकि कश्मीर में 15 निजी नर्सिंग होम सहित 26 आईसोलेशन सुविधा युक्त अस्पतालों को इसके लिए चिन्हित किया गया है। जम्मू के लिए प्रशासन ने जम्मू कश्मीर में 16 अस्पतालों को कोरोना अस्पताल में बदला गया है।

वित्त आयुक्त स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा, अटल ढुल्लू ने कहा कि कोरोना अस्पताल में दी जा रही सेवाओं के बारे में हमें और सावधानी बरतनी की जरूरत है। इसके अलावा अस्पतालों में मूल-सुविधाओं के साथ मैनपॉवर को भी बढ़ाना है।
... और पढ़ें

कोरोना को मात देने और लोगों की मदद करने में जुटे भारत माता के जांबाज बेटे, देखें ये तस्वीरें

जम्मू-कश्मीरः सुरक्षाबलों को मिली बड़ी कामयाबी, पकड़ा गया एक आतंकी

जम्मू-कश्मीर में सुरक्षाबलों को एक आतंकी को पकड़ने में कामयाबी मिली है। जवानों ने इस आतंकी को बुधवार रात को पकड़ने में सफलता पाई। आतंकी के पास से एक एके-47 और दो मैगजीन मिली हैं। बता दें कि सुरक्षाबलों को बारामुला जिले के चंदौसा इलाके में आतंकियों के मौजूद होने की सूचना मिली। आनन-फानन में सुरक्षाबलों ने इलाके की घेराबंदी कर तलाशी अभियान शुरू किया। इसी दौरान एक आंतकी को पकड़ने में सफलता मिली।

उधर, उत्तरी कश्मीर के बारामुला जिले के सोपोर में बुधवार को सुरक्षाबलों ने मुठभेड़ में जैश-ए-मोहम्मद का एक कमांडर ढेर कर दिया। मारे गए आतंकी की पहचान सज्जाद अहमद डार निवासी सैदपुरा सोपोर के तौर पर हुई है। सज्जाद जैश का उत्तरी कश्मीर का कमांडर था। वह वर्ष 2018 से इलाके में सक्रिय था। उसे संगठन में स्थानीय युवाओं की भर्ती का काम सौंपा गया था। उस पर कई अन्य मामले भी दर्ज थे।
 
सुरक्षाबलों को सूचना मिली थी कि इलाके में तीन से चार आतंकी छिपे हुए हैं। इस पर सेना की 22 राष्ट्रीय राइफल्स, सीआरपीएफ की 179वीं बटालियन और एसओजी के जवानों ने सोपोर, आरमपुरा के गुलबड़ इलाके की घेराबंदी कर संयुक्त तलाशी अभियान चलाया। करीब 14 घंटे तक इलाके में घेराबंदी और तलाशी अभियान के बाद आतंकियों के साथ सुरक्षाबलों की मुठभेड़ शुरू हो गई। इसमें आतंकी सज्जाद को मार गिराने में सफलता मिली।
... और पढ़ें

लॉकडाउनः सरकारी कर्मचारियों का वेतन अटका, वर्क फ्रॅाम होम करने के बावजूद शिक्षकों को वेतन नहीं

कोरोना महामारी के कारण घोषित लॉकडाउन में सरकारी कर्मचारियों का मार्च महीने का वेतन भी अटक गया है। अप्रैल महीने की आठ तारीख बीतने के बाद भी इनका वेतन अब तक जारी नहीं हुआ है। सरकारी अधिकारियों का कहना है कि वेतन रोका नहीं गया है। कर्मचारियों के वेतन बिल तैयार न होने की वजह से कई विभागों में परेशानी हो सकती है।

नागरिक सचिवालय सहित विभिन्न विभागों के कर्मचारी परेशान हैं। कोरोना वायरस के खौफ और ऊपर से लॉकडाउन के चलते यहां राशन से लेकर अन्य जरूरी वस्तुओं की खरीद के लिए वेतन में देरी ने दिक्कत बढ़ा दी है।
 
सचिवालय के एक कर्मचारी ने बताया कि 31 तारीख को वेतन जारी होता था। इस बार उम्मीद थी कि जल्दी आएगा लेकिन यह तो आने का नाम नहीं ले रहा। अस्थायी कर्मचारियों का तो नियमित कर्मचारियों से भी बुरा हाल है। उन्हें न तो वेतन जारी हो रहा हैं और न ही सरकार ने लंबित देनदारी जारी करने की कवायद शुरू की है।
... और पढ़ें

जम्मू में कोरोना से पहली मौत, प्रदेश में 24 घंटे के भीतर 33 और संक्रमित

जम्मू-कश्मीर में कोरोना संक्रमण का दायरा लगातार बढ़ रहा है। बुधवार को पहली बार एक ही दिन में सर्वाधिक 33 नए मामले सामने आए हैं। इसी बीच उधमपुर की कोरोना संक्रमित एक महिला की मौत हो गई है। 61 वर्षीय महिला को बुधवार सुबह जीएमसी, जम्मू में भर्ती कराया गया था, जहां महिला ने देर शाम महिला ने दम तोड़ दिया। महिला की जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। 

जम्मू संभाग में कोरोना से यह पहली मौत है। अब तक प्रदेश में कोरोना से मरने वालों की संख्या चार हो गई है। इस बीच नए संक्रमितों में तीन जम्मू संभाग के सुजवां के हैं। पीड़ितों में सबसे ज्यादा संख्या तब्लीगी जमात से जुड़े लोगों की बताई जा रही है। कश्मीर संभाग में 30 नए मामले सामने आए हैं, जिसमें 11 नए पॉजिटिव मामलों की पुष्टि स्किम्स, सौरा में हुई।  नोडल आफिसर स्किम्स डॉ. गुलाम हसन के अनुसार नए मामले बारामुला और बांदीपोरा जिले से हैं। अब तक नए मामलों के साथ प्रदेश में कुल संक्रमितों का आंकड़ा 158 पहुंच गया है।

प्रदेश सरकार के प्रवक्ता रोहित कंसल ने नए मामलों की पुष्टि की है। अधिकारियों ने बताया कि अब तक कोरोना संक्रमित चार मरीजों की मौत हो गई है, जबकि छह मरीज स्वस्थ हो चुके हैं। इस बीच बुधवार को स्किम्स, सौरा से दो संक्रमित मरीजों को स्वस्थ होने के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है।

 सूत्रों के अनुसार नए मामलों में श्रीनगर से संबंधित पांच जमाती पॉजिटिव पाए गए हैं। इनके नाइजीरिया की यात्रा की सूचना है। इसके अलावा टंगमर्ग का एक व्यक्ति भी पॉजिटिव है। कुपवाड़ा के जिला उपायुक्त अंशुल गर्ग के अनुसार पॉजिटिव मामलों में एक मनीगाम में पाया गया है। निजामुद्दीन मरकज का यात्रा इतिहास होने के कारण इस संदिग्ध को कुपवाड़ा अस्पताल में क्वारंटीन किया गया था, जिसके पॉजिटिव होने की पुष्टि होने पर उसे आइसोलेशन में शिफ्ट किया गया है। 

जम्मू में सुंजवां में एक मस्जिद में मौजूद तीन अन्य जमातियों के पॉजिटिव होने की पुष्टि हुई है। इसी मस्जिद से मंगलवार को मिले 22 लोगों में से पांच पॉजिटिव मामले आए थे। ये सभी निजामुद्दीन की तब्लीगी जमात में शामिल हुए थे।
... और पढ़ें

बांदीपोरा डीसी के खिलाफ सड़क पर उतरे डॉक्टर

श्रीनगर। उत्तरी कश्मीर के बांदीपोरा जिले के समुबाल में डॉक्टरों ने डीसी पर दुर्व्यवहार का आरोप लगाकर प्रदर्शन किया। एक डॉक्टर के मुताबिक इससे पहले भी ऐसी घटनाएं हुई हैं। ऐसी स्थिति में जब डॉक्टर खतरा मोल लेकर काम कर रहे हैं तो ये व्यवहार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। डॉक्टर डीसी से माफी मांगने या उन्हें सस्पेंड करने की मांग कर रहे थे। इधर सुमबाल के एसडीएम शाहनवाज चौधरी ने बताया कि किसी छोटे से मामले को लेकर गलतफहमी हो गई थी जिसे सुलझा लिया गया है। उन्होंने बताया कि करीब बीस मिनट के भीतर ही सभी डॉक्टर अपनी ड्यूटी पर लौट आए हैं। चौधरी ने कहा कि उन्हें अपने डॉक्टरों पर गर्व है जो दिन रात एक कर इस कोरोना महामारी के खिलाफ डटे हैं। ... और पढ़ें
अपने शहर की सभी खबर पढ़ने के लिए amarujala.com पर जाएं

Disclaimer


हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।
Agree
Election
  • Downloads

Follow Us