सर्दियों की शुरुआत हो चुकी है। नत्थाटॉप में तीसरी बार बर्फबारी हुई है। जुगधार, शिवगढ़ धार, देराटॉप और सियोजधार की चोटियां बर्फ से लकदक हो गई हैं। इस बीच जम्मू संभाग के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल पटनीटॉप में सैलानियों की बहार अब लौटने लगी है। देशभर के सैलानी पटनीटॉप से होते हुए नत्थाटॉप और सनासर रुक कर रहे हैं।
बर्फ के बीच पहुंचकर सैलानी अठखेलियां कर रहे हैं तो वहीं सनासर की खुली ग्राउंड में पहुंचकर सैलानी मिनी कश्मीर का आनंद उठा रहे हैं। सनासर की खूबसूरत झील में सैलानी शिकारे का भी आनंद उठा रहे हैं और वहां से वापसी के दौरान नत्थाटॉप की हसीन वादियों में पहुंचकर बर्फ की सफेद चादर के बीच कई तरह के खेलों का आनंद भी उठा रहे हैं।
2 of 5
नत्थाटॉप में बर्फबारी
- फोटो : रोहित गुप्ता
जम्मू और आसपास रहने वाले लोगों के लिए इन दिनों नत्थाटॉप बेस्ट ऑप्शन है। इंटरनेट की मानें तो जम्मू से नत्थाटॉप की दूरी 121 किमी है। नत्थाटॉप में मंगलवार को सैलानियों का पहुंचना जारी है। वहां पर बर्फ के बीच पहुंचकर वह धरती के स्वर्ग का एहसास कर रहे हैं। सैलानी श्री माता वैष्णो देवी से होते हुए बर्फ देखने के लिए नत्थाटॉप पहुंच रहे हैं। वहां पर पहुंचकर बर्फ के बीच अलग-अलग खेलों से मनोरंजन कर रहे हैं।
3 of 5
Snowfall in Nathatop
- फोटो : रोहित गुप्ता
सैलानियों ने स्कीइंग के अलावा सलैज, घुड़सवारी के जरिए आनंद उठा रहे हैं। साथ ही हिम मानव और बर्फ के गोले के साथ खेल कर कई यादगार चित्र भी खिंचवा रहे हैं। यही नहीं सैलानियों द्वारा सोशल मीडिया का भी इस्तेमाल किया जा रहा है और वीडियो कॉल के जरिए अपनों के संग खुशी साझा कर रहे हैं।
4 of 5
नत्थाटॉप
- फोटो : रोहित गुप्ता
बर्फ की सफेद चादर बिछने से कई बेरोजगार युवाओं को रोजगार भी मिल गया है। कई छोटे दुकानदार यहां पहुंचकर अपनी रोजी-रोटी का इंतजाम कर रहे हैं। सैलानियों को भी नत्थाटॉप में अलग-अलग व्यंजनों का आनंद लेने का अवसर मिल रहा है। टैक्सी यूनियन के प्रधान प्रकाश चंद की मानें तो बर्फबारी के बाद पटनीटॉप में सैलानियों की आमद में इजाफा हुआ है और सैलानी पटनीटॉप के बाद नत्थाटॉप और सनासर की ओर रुख कर रहे हैं।
5 of 5
नत्थाटॉप
- फोटो : रोहित गुप्ता
सैलानियों की बढ़ती आमद से कारोबारियों के चेहरे खिले हैं। उम्मीद जताई जा रही है कि आने वाले दिनों में पटनीटॉप भी बर्फ की सफेद चादर में बिछ सकती है। इससे पटनीटॉप की हसीन वादियां और देवदार बर्फ की सफेद चादर में लिपट जाएंगे। ऐसे में इन स्थलों पर सैलानियों की संख्या बढ़ेगी और आने वाले दिनों में पटनीटॉप सैलानियों से पूरी तरह से भर जाएगा।