यादव सिंह प्रकरण के बाद एक बार फिर नोएडा प्राधिकरण सुर्खियों में आ गया। आय से अधिक संपत्ति के मामले में बृहस्पतिवार को आयकर विभाग ने प्राधिकरण के सहायक परियोजना अभियंता (एपीई) ब्रजपाल सिंह चौधरी के सेक्टर-27 स्थित नोएडा आवास, हापुड़ व फरीदाबाद सहित आठ ठिकानों पर एक साथ छापा मारा। (सभी फोटोः राजन राय)
नोएडा प्राधिकरण के अधिकारी के ठिकानों पर आयकर की रेड, ब्रजपाल के शौक देख फटी रह गईं की आंखें
देर शाम तक जारी रहे सर्च अभियान के दौरान दिल्ली-एनसीआर में अकूत संपत्ति से संबंधित दस्तावेज जब्त किए गए। 2014 में नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना प्राधिकरण के चीफ इंजीनियर रहे यादव सिंह पर शिकंजा कसने के बाद से ही प्राधिकरणों के अधिकारी आयकर विभाग के निशाने पर हैं। आयकर सूत्रों के मुताबिक, सहायक अभियंता सहित परिवार के अन्य सदस्यों के नाम करोड़ों रुपये की बेनामी संपत्ति की सूचना पर इस कार्रवाई को अंजाम दिया गया।
बृहस्पतिवार सुबह करीब सात बजे आयकर विभाग की टीम ने सेक्टर-27 स्थित ब्रजपाल चौधरी की आलीशान कोठी (नंबर एच-37) पर दबिश दी। इसी कोठी में ब्रजपाल परिवार सहित रहते हैं। आयकर विभाग के अधिकारियों के मुताबिक ब्रजपाल की पत्नी सुदेश के नाम सेक्टर-52 के बी ब्लॉक में 540 स्क्वायर मीटर का प्लॉट व सेक्टर-33 सी ब्लॉक में कोठी मिली है। इसके अलावा बेटे अंकुर चौधरी के नाम सेक्टर-63 स्थित सी ब्लॉक में 1000 स्क्वायर मीटर का इंडस्ट्रियल प्लॉट है, जिसके दूसरे तले पर एक प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के नाम से कंपनी चलाई जा रही है।
सेक्टर-63 मार्केट में ही कॉमर्शियल प्लॉट में नामी रेस्टोरेंट भी सहायक अभियंता का ही बताया जा रहा है। इसके अलावा हापुड़ के पिलखुवा में दिल्ली वन पब्लिक स्कूल, सेक्टर-110 में बैंक्वेट हॉल, मामूरा सेक्टर-67 में 6000 स्क्वायर मीटर का प्लॉट और फरीदाबाद के सेक्टर-91 स्थित सूर्यानगर फेस-2 में रेजिडेंशियल प्लॉट से संबंधित दस्तावेज आयकर विभाग ने जुटाए हैं।