देश में बेरोजगारी का जीता जागता उदाहरण देखिए। 8वीं पास के लिए चपरासी के 92 पदों पर भर्ती निकली और एमफिल, पीएचडी धारक फॉर्म खरीद रहे हैं।
यह नजारा देखने को मिला हरियाणा में रोहतक स्थित महर्षि दयानंद यूनिवर्सिटी के कैंपस में। आठवीं पास चपरासी की भर्ती के लिए पोस्ट ग्रेजुएट और एमफिल-पीएचडी धारक लाइन में लगे रहे। फार्म खरीदने के लिए दिनभर धक्का-मुक्की होती रही। हालात यह थे कि शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए सुरक्षा कर्मियों को बुलाना पड़ा।
महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय (एमडीयू) में कुछ दिन पहले चपरासी की भर्ती प्रक्रिया शुरू हुई थी। 92 पदों को भरने के लिए आठवीं पास योग्यता रखी गई है। भर्ती के लिए आवेदन करने की मंगलवार को अंतिम तिथि है। दो दिन के अवकाश के बाद सोमवार को यूनिवर्सिटी के काउंटर पर सुबह से फार्म खरीदने वालों की भीड़ लगनी शुरू हो गई थी। कुछ ही देर में काउंटर से लेकर यूनिवर्सिटी के गेट तक कतार लग गई है।
फार्म लेने वालों में बाहरी व्यक्ति से ज्यादा यूनिवर्सिटी के छात्र थे। अधिकतर ऐसे जो एमफिल और पीएचडी धारक हैं। दोपहर के समय भीड़ बहुत बढ़ गई। लाइन में लगे लोगों के बीच धक्का-मुक्की होने लगी। माहौल बिगड़ता देख तुरंत यूनिवर्सिटी के सुरक्षा कर्मियों को बुलाया गया। फिर भी फार्म लेने के लिए मारामारी मची रही। यह भर्ती ठेके पर की जा रही है।
फार्म खरीदने आए देव कॉलोनी निवासी सचिन कुमार का कहना है कि दो साल पहले एमए किया था। अब तक नौकरी नहीं मिली है। इसी वजह से जैसी भी नौकरी मिल जाए वही अच्छी है। गुड़गांव से आई ज्योति सहरावत का कहना है कि पिछले वर्ष एमफिल पूरा किया है। नौकरी की तलाश कर रही हूं। कोई भी नौकरी अच्छी बुरी नहीं होती, जो समय से मिल जाए वही ठीक है।