श्राद्ध पर्व 2015: 13 क्लिक कर जानें, कौन-सा श्राद्ध कब करें?
27 सितंबर से श्राद्ध पर्व शुरू हो रहा। किस तारीख को कौन सा श्राद्ध है और कौन सा श्राद्ध कब करना चाहिए, सिर्फ 13 क्लिक में जानिए। रिपोर्टः नीरज कुमार, चंडीगढ़
श्राद्ध पर्व 2015: 13 क्लिक कर जानें, कौन-सा श्राद्ध कब करें?
आश्विन कृष्ण पक्ष प्रतिपदा से अमावस्या तक के समय को श्राद्ध कहते हैं। यह कहना है सेक्टर-30 के भृगु ज्योतिष केंद्र के प्रमुख और कर्मकांडी बीरेंद्र नारायण मिश्र का। उनके अनुसार धर्म शास्त्र कहते हैं कि पितरों को पिंडदान करने वाला गृहस्थ दीर्घायु, यश को प्राप्त करने वाला होता है।
श्राद्ध पर्व 2015: 13 क्लिक कर जानें, कौन-सा श्राद्ध कब करें?
मिश्र करते हैं कि पितरों की कृपा से सब प्रकार की समृद्धि और सौभाग्य की प्राप्ति होती है। पितृपक्ष में पितरों को आस रहती है कि हमारे पुत्र पौत्र पिंड दान करके हमें संतुष्ट कर देंगे। इसी आस से पितृलोक से पितर पृथ्वी पर आते हैं। मृत्यु तिथि के दिन किए श्राद्ध को पार्वण श्राद्ध कहा जाता है।
श्राद्ध पर्व 2015: 13 क्लिक कर जानें, कौन-सा श्राद्ध कब करें?
पूर्णिमा का श्राद्ध 27 सितंबर रविवार, प्रतिपदा का श्राद्ध 28 सितंबर सोमवार, द्वितीया का श्राद्ध 29 सितंबर मंगलवार, तृतीया का श्राद्ध 30 सितंबर बुधवार, चतुर्थी का श्राद्ध 1 अक्तूबर वीरवार, पंचमी का श्राद्ध 2 अक्तूबर शुक्रवार, षष्टी का श्राद्ध 3 अक्तूबर शनिवार, सप्तमी का श्राद्ध 4 अक्तूबर रविवार
श्राद्ध पर्व 2015: 13 क्लिक कर जानें, कौन-सा श्राद्ध कब करें?
अष्टमी का श्राद्ध 5 अक्तूबर सोमवार, नववीं का श्राद्ध 6 अक्तूबर मंगलवार, दशवीं का श्राद्ध 7 अक्तूबर बुधवार, एकादशी का श्राद्ध 8 अक्तूबर वीरवार, द्वादशी का श्राद्ध 9 अक्तूबर शुक्रवार, त्रयोदशी का श्राद्ध 10 अक्तूबर शनिवार, चतुर्दशी का श्राद्ध 11 अक्तूबर रविवार, अमावस्या का श्राद्ध 12 अक्तूबर सोमवार