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2 मई तक संभल कर रहें, शनि और मंगल खड़ी करेंगे मुसीबतें, जानिए कैसे?
नीरज कुमार/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Mon, 12 Mar 2018 09:09 PM IST
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2 मई तक शनि और मंगल का ऐसा अद्भुत योग है कि हर किसी के लिए कोई न कोई संकट खड़ा होता रहेगा, जानने के लिए क्लिक करें।
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सीमा पर चौकसी बढ़ानी होगी। मुस्तैद रहना होगा। इसकी वजह है कि देवताओं के सेनापति मंगल धनु राशि में हैं। शनि तो पहले से ही धनु राशि में है। मंगल और शनि दोनों ही पापी ग्रह हैं। जमकर उथल-पुथल होने वाली है। यह कहना है सेक्टर-30 के श्री महाकाली मंदिर स्थित भृगु ज्योतिष केंद्र के प्रमुख बीरेंद्र नारायण मिश्र का।
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उनके मुताबिक स्वतंत्र भारत की 71वें वर्ष की कुंडली के अनुसार धनु राशि है। धनु राशि में शनि और मंगल लग्न में है। मंगल पंचम भाव में और अष्टम भाव का स्वामी मित्र राशि वृहस्पति में है। शनि पहले से ही धनु राशि में चल रहे हैं। 8 मार्च 2018 को सुबह 6.40 बजे मंगल के भी धनु राशि में प्रवेश करने के साथ ही शनि-मंगल की युति। मंगल इस राशि में 2 मई तक रहेगा।
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शनि और मंगल की युति होने पर कई घटनाएं अचानक होती हैं। ऐसे होने से प्रधान नेता देश की प्रगति के लिए नई-नई योजनाएं लागू करने के लिए प्रयत्नशील रहेंगे। विपक्षी दल की कार्यशैली की आर्थिक और राजनीतिक परिस्थितियों को बिगाड़ने में विशेष भूमिका रहेगी। राशि कुंडली के अनुसार शनि द्वितीय और तृतीय भाव का स्वामी होकर मंगल के साथ लग्न में होने के कारण और किसी भी शुभ ग्रह वृहस्पति या शुक्र की दृष्टि न होने के कारण पाकिस्तान एवं पड़ोसी देशों के साथ संबंध खराब रहेगा।
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पाकिस्तान से खतरा रहेगा। आतंकवाद बढ़ेगा। भारत के लिए आतंकवाद का विस्तार होगा। क्योंकि शनि की दशम दृष्टि दशम भाव पर पड़ रही है। कश्मीर में आतंकवाद बढ़ने के साथ ही कुख्यात आतंकी मारे जाएंगे। पुलिस और सेना को भी नुकसान होगा। देश में जनधन की हानि अधिक होगी। इस दौरान प्राकृतिक प्रकोप से हानि होगी। राजनीतिक स्थिरता का भी योग बन रहा है। शनि मंगल से 12वें नीच का चंद्रमा अष्टमेश है।