पुलवामा में सीआरपीएफ के काफिले पर जिसने आतंकी हमला कराया है, उसी ने पठानकोट में एयरफोर्स स्टेशन पर आतंकी हमला कराया था। दोनों में एक समानता थी और एक अंतर, जानिए कैसे।
पुलवामा में 14 फरवरी को हुए इस अब तक के सबसे बड़े आतंकी हमले की जिम्मेदारी आतंकी संगठन जैश ए मोहम्मद ने ली थी। इसी संगठन ने पंजाब के पठानकोट स्थित एयरबेस में 2016 में आतंकी हमला कराया था। गुरुवार को पुलवामा में हुए आतंकी हमले ने लोगों के जेहन में एक बार फिर पठानकोट हमले को उभार दिया है।
पुलवामा में आतंकी हमले 40 जवान मारे गए। हमला उस समय हुआ, सीआरपीएफ के 2547 जवान जम्मू से श्रीनगर जा रहे थे। 75 वाहनों में जवान थे। जैसे ही काफिला पुलवामा पहुंचा, एक एसयूपी कार जवानों की बस से आकर टकरा गई। टक्कर लगने के बाद बस में धमाका हो गया। एक के बाद से तीन बसों में विस्फोट हुए।
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Pathankot airbase attack
- फोटो : अमर उजाला
वहीं पठानकोट एयरबेस पर हमला उस समय हुआ, जब लोग नए साल के जश्न में डूबे थे। आतंकी दिसंबर 2015 में पाकिस्तान से भारत की सीमा में घुसे थे। 2 जनवरी, 2016 की सुबह साढ़े तीन बजे आतंकी असलहा और हथियारों से लैस होकर एयरबेस स्टेशन में दाखिल हुए थे।
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पठान कोट हमला
- फोटो : PTI
इस हमले में एयरबेस के अंदर सात सुरक्षाकर्मी शहीद हुए थे, जबकि करीब 37 अन्य लोग घायल हो गए थे। हमला करने आए सभी आतंकी मारे गए थे। जब सेना के जवान मारे गए आतंकियों के शव तलाश रहे थे तो वहां विस्फोटक सामग्री मिली। जिसे निष्क्रिय करते हुए एनएसजी के लेफ्टीनेंट कर्नल निरंजन शहीद हो गए थे।