इंडियन आइडल 11 का सफर खत्म हो चुका है। सनी हिंदुस्तानी के रूप में इंडियन आइडल को इस सीजन का अपना विजेता मिल गया है। सनी पंजाब के बठिंडा के रहने वाले हैं। सनी की कहानी हम सबको जज्बा देने वाली है। कुछ करने के लिए प्रेरित करती है। एक छोटे से मोहल्ले से मायानगरी तक का सफर इतना आसान नहीं था।
कभी बस स्टैंड पर गाते थे गाना, अब बने इंडियन आइडल के 'हीरो', पढ़ें- जीत पर क्या बोले सनी
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आज सनी हिंदुस्तानी इंडियन आइडल के विजेता हैं। लेकिन उन्होंने अपने करियर की शुरूआत बस स्टैंड और रेलवे स्टेशनों पर गाने गाकर किया। उसे खुद अंदाजा नहीं था कि वह एक दिन हिंदुस्तान की आवाज बनकर देश में पंजाब और बठिंडा का नाम रोशन करेगा। सनी सफलता का पूरा श्रेय अपनी मां को देते हैं।
Indian Idol
मां और वोटरों को दिया जीत का श्रेय
खिताब जीतने के बाद सनी ने फोन पर कहा कि इस ट्राफी की हकदार मेरी मां और वोट देने वाले लोग हैं। मेरी मां ने आखिरी मौका न दिया होता तो आज मैं इस मुकाम तक नहीं पहुंच पाता।
हौसला बढ़ाने के लिए बठिंडा से गए थे 25 से अधिक लोग
रविवार को जैसे ही शो का फाइनल शुरू हुआ तो शहर के लोगों ने सोशल मीडिया को सनी की फोटो से भर दिया। हर कोई अपने जानने वाले को सोशल मीडिया के जरिए सनी को वोट करने की अपील कर रहा था। सनी का हौसला बढ़ाने के लिए फाइनल शो से दो दिन पहले ही सनी की मां, बहन, मामा और राजिंदर मंगला बॉम्बे पहुंच गए थे।
मां को उम्मीद थी कि उनका लाल ही जीतेगा खिताब
सनी की मां ने फोन पर बातचीत करते हुए कहा कि उनको पूरी उम्मीद थी कि उसका लाल ही शो के खिताब को जीतेगा। जैसे ही सनी के शो के खिताब को जीतने के बारे में स्टेज से एलान हुआ तो शहरवासियों ने सोशल मीडिया पर सनी और उसके परिवार को बधाई देनी शुरू कर दी और शहर में पटाखे फोड़ कर जश्न मनाया गया।