चंडीगढ़ के सेक्टर-23ए स्थित सरकारी मकान में बीते मंगलवार देर रात शिक्षिका की हत्या के मामले में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। पुलिस जांच में सामने आया कि शिक्षिका ज्योति रानी (40) की घर में हत्या करने के बाद आरोपी अपने दोनों बेटों को लेकर लुधियाना स्थित दोराहा के गुरुद्वारा साहिब में माथा टेकने निकल गया। आरोपी अपने बड़े बेटे को दोराहा नहर में फेंक दिया और छोटे बेटे को साथ लेकर फरार हो गया। सेक्टर-17 थाना पुलिस ने आरोपी मनदीप सिंह (45) के खिलाफ पत्नी ज्योति रानी की हत्या और बेटे को जान से मारने की कोशिश की धाराओं में मामला दर्ज करने के बाद अलग-अलग टीमें गठित कर तलाश शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार ज्योति रानी रामदरबार के करतान स्थित सरकारी स्कूल में शिक्षिका थी, जबकि आरोपी मनदीप सिंह सेक्टर-47 स्थित सरकारी स्कूल में शिक्षक है। पिछले करीब पांच साल से दोनों सेक्टर-23ए स्थित सरकारी मकान नंबर 25 में 13 और 9 वर्षीय बेटे के साथ रह रहे थे। मंगलवार को लुधियाना के दोराहा में मिले 13 वर्षीय किशोर की सूचना पर पुलिस जब घर का मुख्य दरवाजा तोड़कर अंदर गई तो शिक्षिका की हत्या का खुलासा हुआ। घर में ऊपर वाला कमरा बाहर से बंद था। ज्योति रानी अंदर बेड पर चादर से लिपटी खून से लथपथ पड़ी थी। उसके सिर पर किसी भारी हथियार से हमला हुआ था।
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मौके पर पहुंची पुलिस।
- फोटो : अमर उजाला
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर कोरोना सैंपल लेने के बाद जीएमएसएच-16 के शवगृह में रखवा दिया है। पुलिस जांच में आसपास के लोगों ने बताया कि मनदीप सिंह और ज्योति रानी के बीच अक्सर लड़ाई-झगड़ा होता रहा था। हत्या की असली वजह आरोपी के गिरफ्तार होने के बाद ही पता चल पाएगी। पुलिस टीम आरोपी को गिरफ्तार करने के लिए उसके रिश्तेदारों के घर समेत अन्य जगहों पर दबिश दे रही है। पुलिस का दावा है कि आरोपी को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
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मृतक का फाइल फोटो।
- फोटो : अमर उजाला
कटानीकलां चौकी पुलिस ने बच्चे को पहुंचाया था चंडीगढ़
मंगलवार दोपहर करीब 11 बजे कटानीकलां चौकी पुलिस को दोराहा स्थित गुरुद्वारा साहिब के पास नहर में बच्चा गिरा होने की सूचना मिली थी। पुलिस पहुंची तो किशोर का कपड़ा गीला था। किशोर का कपड़ा बदलवाकर घर का पता जानना चाहा। किशोर ने अपने पिता का मोबाइल नंबर भी बताया, लेकिन वह बंद था।
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आरोपी का फाइल फोटो।
- फोटो : अमर उजाला
किशोर ने बताया कि वह सोमवार सुबह चंडीगढ़ से पापा और छोटे भाई के साथ मारुती 800 कार में गुरुद्वारा साहिब पहुंचा था। रात को वह मोबाइल पर गेम खेल रहा था। अगली सुबह उठा तो नहर में गिरा था। किसी तरह बाहर निकलकर झाड़ियों में लेट गया। आसपास के लोगों ने मामले की सूचना पुलिस को दी थी। इसके बाद देर रात चंडीगढ़ भेजा गया। -अशोक कुमार, चौकी इंचार्ज कटानीकलां, लुधियाना