पुरानी पेंशन बहाली और भत्तों में कटौती के विरोध में सड़कों पर उतरे शिक्षक, जबरदस्त प्रदर्शन
सात सूत्री मांगों को लेकर किया प्रदर्शन
कई मांगों का समाधान न होने से नाराज शिक्षक सुबह से ही हुसैनगंज स्थित ओसीआर बिल्डिंग परिसर में एकत्र होने लगे थे। दोपहर में उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ के अध्यक्ष एवं विधान परिषद सदस्य चेत नारायण सिंह एवं राज बहादुर सिंह चंदेल की अगुवाई में प्रदर्शनकारियों ने विधानभवन का घेराव करने के लिये कूच किया।
वहां पहले से मौजूद पुलिस ने शिक्षकों को बापू भवन चौराहे पर बैरीकेटिंग कर रोक लिया। इस पर शिक्षकों ने जाम लगाकर नारेबाजी शुरू कर दी। हंगामा बढ़ने पर पुलिस ने इन्हें बसों में लादकर ईको गार्डन पहुंचा दिया। विधान परिषद सदस्य चेत नारायण ने कहा कि आश्वासन के बावजूद शासन ने अब तक कोई कार्यवाही नहीं की है।
पुरानी पेंशन लागू करना तो दूर सरकार ने परिवार कल्याण समेत छह प्रकार के भत्ते बंद कर दिए। उन्होंने कहा कि सरकार जल्द रोके गए भत्तों को बहाल करे। प्रदर्शनकारियों में रामबाबू शास्त्री, महेश चंद्र यादव, गिरेंद्र सिंह कुशवाहा, गुमान सिंह यादव और रमेश सिंह मौजूद रहे।
प्रदर्शनकारियों ने की ये मांगे
- वित्तविहीन मान्यता की धारा 7क (क) का 7 (4) में परिवर्तन, सेवादशा तथा मानदेय, वेतन का निर्धारण करना।
- पुरानी पेंशन योजना को बहाल करना।
- सभी शिक्षकों एवं कर्मचारियों को चिकित्सीय सुविधा देना।
- अद्यतन कार्यरत तदर्थ कर्मचारियों को चिकित्सीय सुविधा देना।
- सीटीएलटी विसंगति को समाप्त करना।
- विषय विशेषज्ञों को सेवा का लाभ देना।
- व्यावसायिक एवं कंप्यूटर अनुदेशकों का शिक्षकों के पद समायोजन करना।
- माध्यमिक शिक्षा परिषद के मूल्यांकन निरीक्षण आदि के पारिश्रमिक को सीबीएससी के बराबर बढ़ाना।
- प्रोन्नति में स्नातकोत्तर उपाधि की बाध्यता को समाप्त करना।
- परिवार कल्याण योजनांतर्गत प्राप्त विशेष प्रोत्साहन भत्ते बहाल करना।