यूपी की ये लेडी डॉन कुछ इस तरह छका रही है पुलिस को
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अक्सर एक से एक खूंखार और पेशेवर अपराधियों को दबोचकर सीखचों के पीछे भेजने वाली इलाहाबाद पुलिस और क्राइम ब्रांच को लेडी डॉन श्वेता गुप्ता ने छका रखा है। वाहन चोरों के बड़े गिरोह की सरगना श्वेता को पुलिस पिछले दस रोज से खोज रही है लेकिन वह हाथ नहीं रही है।
सच तो यह है कि तमाम थानेदारों और सीओ समेत पुलिस अफसरों और नेताओं से करीबी रिश्ते के चलते वह गिरफ्तारी से बचती रही है। लेडी डॉन श्वेता गुप्ता का नाम दस दिन पहले पुलिस की फरार अपराधियों की लिस्ट में जुड़ा।
दरअसल, झूंसी थाने के उपनिरीक्षक अमित मिश्रा आधी रात गश्त पर निकले थे तभी उन्होंने इंडिगो कार जाती देखी। उन्होंने कार रोककर उसमें मौजूद दो लोगों से पूछताछ शुरू की तो वे सकपका गए।
पहले तो बहाना किया कि अपने पिता को लेने रेलवे स्टेशन जा रहे हैं लेकिन कार के कागजात मांगने पर वे भागने लगे। दरोगा ने किसी तरह कार रोक ली। एक बदमाश उतरकर भाग गया जबकि दूसरे को पुलिस ने दबोच लिया था।
लेडी डॉन के इशारे पर काम करते हैं कई अपराधी
पकड़े गए शीबू ने खुद को असम का मूल निवासी बताया। वह यहां चौफटका के पास किराए के कमरे में टिककर गाड़ियां चुराता था। शीबू से पूछताछ में ही पुलिस को पता चला कि कई जिलों में गाड़ियां चुराने वाले इस गिरोह की सरगना है एक महिला।
एसपी क्राइम अरुण पांडेय के मुताबिक, कानपुर में रहने वाली श्वेता गुप्ता एक्सीडेंटल गाड़ियों के कारोबार की आड़ में वाहनों और खासतौर से कारों की चोरी का गैंग चला रही है। तीन साल पहले उसने यहां ट्रांसपोर्ट नगर में भी किराए के मकान में दफ्तर खोला था।
कारोबार बताया था एक्सीडेंटल गाड़ियों को खरीदकर कबाड़ी मार्केट में बेचने का। मगर अब सच सामने आ गया है। पुलिस ने ट्रांसपोर्ट नगर के उस मकान को सील कर दिया है।
लेडी डॉन को सबसे ज्यादा पसंद है ये गाड़ी
पकड़े गए शीबू ने बताया कि श्वेता का जोर इंडिगो कार चुराने पर रहता है।उन लोगों ने कई इंडिगो कार चुराकर उस तक पहुंचाई। वह कार चुराने के बाद सीधे कानपुर जाता। वहां रमाबाई फ्लाईओवर पर कार श्वेता के आदमी को सौंप वे पैसे लेकर लौट आते थे। पुलिस ने फेसबुक प्रोफाइल से श्वेता की फोटो हासिल की है।
उसमें श्वेता ने अपना पता उन्नाव लिखा है। कई पुलिस अफसरों और नेताओं से करीबी रिश्ते के चलते उसे अब तक उसे कानूनी शिकंजे में नहीं लिया जा सका था। अब झूंसी पुलिस की लिस्ट में नाम आने के बाद यह लेडी डॉन अपना मोबाइल नंबर ऑफ कर फरार हो गई है।
पुलिस ने कानपुर में शुक्लागंज थाने के पास उसके घर छापा मारा मगर वह नहीं मिली। पिछले छह महीने के दौरान शहर से आधा दर्जन से ज्यादा इंडिगो चोरी जाने में पुलिस को श्वेता गैंग पर शक है। वह छह मुकदमों में वांछित घोषित है।
कॉल रिकॉर्डिंग में हुआ लेडी डॉन का खुलासा
लेडी डॉन श्वेता गुप्ता से पिछले दिनों सुलेमसराय के एक कारोबारी ने संपर्क किया। दरअसल एक माह पहले ही कारोबारी की इंडिगो कार घर के बाहर से चोरी हो गई। परेशान कारोबारी को कहीं से पता चला कि यह कारनामा श्वेता के गिरोह का है।
कारोबारी ने कानपुर जाकर श्वेता से मुलाकात की। बाद में उसे फोन किया। मोबाइल पर बातचीत उसने रिकार्ड कर ली। श्वेता कारोबारी को भरोसा देती है कि वह कोशिश करेगी कि कार मिल जाए।
बातचीत से यह साफ हो जाता है कि वह वाहन चोरी के धंधे में है। सच तो यह है कि जार्जटाउन से चोरी एक इंडिगो कार पुलिस को श्वेता के जरिए ही कानपुर में मिली है।