बाइक पर लाश रखकर शहर में घूमते रहे बदमाश
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पूरे शहर में चप्पे-चप्पे पर पुलिस की चौकसी का दावा। सीसीटीवी कैमरे से लैस हाईटेक पुलिस वैन, चौराहों पर ऑपरेशन ऑल आउट। इस सबके बावजूद बीच शहर एक बाइक पर तीन सवार जिनमें से एक लाश लेकिन किसी को कानोंकान भनक तक नहीं लगी।
यह है राजधानी की मित्र और सतर्क पुलिस। कैंट पुलिस ने बीते शुक्रवार को दिलकुशा कालोनी कूड़ाघर के पास मिले अज्ञात युवक की हत्या के दो आरोपियों को बुधवार दोपहर गिरफ्तार तो कर लिया लेकिन इस खुलासे ने एक बार फिर राजधानी पुलिस की सक्रियता के दावों की धज्जियां उड़ा दीं हैं।
पकड़े गए आरोपियों ने बताया कि हत्या के बाद वह भरी दोपहरी बाइक में शव लेकर घूमते रहे और सुरक्षित जगह देखकर उसे ठिकाने लगा दिया।
कूड़ाघर के पास मिला युवक का शव
एसओ कैंट सुरेश कुमार यादव ने बताया कि बीती शुक्रवार शाम कूड़ाघर के पास युवक का शव मिला था। रायबरेली के बछरावां बिशुनपुर निवासी नन्हई बीते दिन थाने पहुंचे और युवक की शिनाख्त बेटे दिनेश के रूप में की।
उन्होंने हुसैनगंज के मो. सालिम और बछरावां के दुर्गन टोला निवासी मुकेश कुमार उर्फ रमेश पर हत्या कर शव फेंकने का शक जताते हुए प्रार्थनापत्र दिया था। पुलिस ने दोनों को पकड़कर पूछताछ की तो हत्या की गुत्थी सुलझी।
एसओ ने बताया कि दिनेश पेंटर था। दिनेश, मो. सालिम व मुकेश के साथ कई दिन से हुसैनगंज के विधानसभा मार्ग पर आनंद मोटर्स के पीछे स्थित बाम्बे प्लाजा में पेंटिंग का काम कर रहा था। मुकेश और दिनेश के बीच रुपये के लेनदेन को लेकर विवाद था।
इस पर शुक्रवार दोपहर दोनों में झगड़ा हुआ मुकेश ने दिनेश को धक्का दे दिया। वह जमीन पर गिरा जिसके बाद उसने सालिम के साथ मिलकर पुरानी साड़ी से दिनेश का गला कसकर मार डाला। एसओ ने बताया कि हत्या के बाद दोनों ने शव ठिकाने लगाने की योजना बनाई।
लाश के साथ लालबत्ती पर भी रूके थे
दोनों बाजार गए और अपना चेहरा छिपाने के लिए दो हेलमेट खरीदे। इसके बाद बाइक के बीच में दिनेश का शव रखकर दोनों सुरक्षित ठिकाना तलाशने लगे। बाइक मो. सालिम चला रहा था। बर्लिंग्टन चौराहा से लालबत्ती चौराहा कटाई पुल होते हुए दोनों दिलकुशा कॉलोनी पहुंचे और कूड़ाघर के पास सन्नाटा देखकर शव फेंक दिया।
उस वक्त दोपहर का करीब साढ़े तीन बजे था। बाइक सवार बदमाशों को शव फेंकते देख पास की मौजूद दो युवकों ने शोर मचाते हुए दौड़ाया लेकिन सड़क पर सन्नाटा होने के चलते दोनों भागने में कामयाब हो गए।
बुधवार दोपहर एसओ के साथ दरोगा धर्मेंद्र कुमार दुबे, अजय कुमार त्रिपाठी व सिपाही महेंद्र कुमार ने सदर रेलवे क्रॉसिंग के पास से दोनोशं आरोपियों को दबोच लिया। इनके पास से हत्या में इस्तेमाल बाइक, हेलमेट, साड़ी व मृतक का तौलिया बरामद कर लिया गया है।