तार लगी पतंग में उतरा करंट, चार बच्चियां झुलसीं
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ठाकुरगंज में हाईटेंशन लाइन में उलझी तार लगी पतंग के चपेट में आकर करंट लगने से चार बच्चियां झुलस गई। परिवारवालों ने सभी को ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया, जहां उनकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है।
ठाकुरगंज में मोहिनीपुरवा के महताबबाग में सोमवार शाम तन्नू और बिलाल अपने मकान की छत से पतंग उड़ा रहे थे। उनकी पतंग घर के सामने से गुजरी हाईटेंशन लाइन में फंस गई। पतंग से जुड़ा तार पड़ोसी साजिद के मकान की छत पर गिर गया। वहां साजिद की बेटियां मुस्कान, फरहीन, आफरीन और समरीन खेल रही थीं।
उन्होंने ध्यान नहीं दिया और इधर तन्नू और बिलाल ने पतंग की डोर खींच दी। पतंग की डोर में बंधा तार मुस्कान और फरहीन के शरीर से छू गया। इससे वह करंट की चपेट में आ गईं। पास में ही खेल रही आफरीन और समरीन उन्हें बचाने पहुंचीं तो वह भी झुलस गईं।
बिजली का तेज झटका लगते ही चारों बच्चियां बेहोश हो गईं। इस घटना के होते ही वहां शोर मच गया। मोहल्ले के लोगों की मदद से परिवारवालों ने चारों बच्चियों को ट्रॉमा सेंटर पहुंचाया। डॉक्टरों का कहना है कि समय से अस्पताल पहुंच जाने की वजह से बच्चियों की जान बच गई। अब वे खतरे से बाहर हैं।
पहले भी हो चुके हैं हादसे
पतंग में तार या चाईनीज डोर बांधकर उड़ाने के चक्कर में पहले भी कई बार हादसे हो चुके हैं। ऐशबाग पुल पर बाइक सवार एक सिपाही तार की चपेट में आकर गंभीर रूप से घायल हो गया था। उसका गला कटने से बच गया था।
इसी तरह, कैंट क्षेत्र में बाइक से घर लौटते समय एक फोटो जर्नलिस्ट पतंग उड़ाने वाली डोर में फंस जाने की वजह से दुर्घटना का शिकार हो गया था। पतंग में तार बांधकर उड़ाना अपराध है।
एसओ ठाकुरगंज का कहना है कि इस तरह की लापरवाही बरतने वालों को कई महीने जेल के भीतर रहना पड़ा सकता है। साथ ही अगर पतंग की किसी दुकान पर तार बेचे जाने की सूचना मिली तो बेचने वाले को गिरफ्तार किया जाएगा।