{"_id":"6443caff024186cc2f0e3d87","slug":"cm-yogi-adityanath-says-laws-are-equal-for-all-in-uttar-pradesh-now-2023-04-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"UP News: सीएम योगी बोले, यूपी में ईद की नमाज सड़क पर नहीं मस्जिद में हो रही है, कानून सबके लिए समान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
UP News: सीएम योगी बोले, यूपी में ईद की नमाज सड़क पर नहीं मस्जिद में हो रही है, कानून सबके लिए समान
Sat, 22 Apr 2023 05:28 PM IST
ishwar ashish
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Sat, 22 Apr 2023 05:28 PM IST
सार
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि कानून सभी के लिए बराबर है। अब ईद की नमाज सड़कों पर नहीं बल्कि मस्जिदों में हो रही है। प्रदेश में कानून का राज है।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ।
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि यूपी में अब शांति है। कानून का राज है। आज ईद मनाई जा रही है लेकिन ईद की नमाज सड़क पर नहीं मस्जिद में पढ़ी जा रही है क्योंकि कानून सभी के लिए समान है। अब प्रदेश में कोई दंगा नहीं होता है। यूपी की कानून व्यवस्था अन्य राज्यों के लिए नजीर बन गई है।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री योगी राज्य लोक सेवा आयोग के अध्यक्षों के दो दिवसीय सम्मेलन का उद्घाटन करने के मौके पर बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि यूपी की पहचान अब माफियाओं के गठजोड़ से नहीं बल्कि महोत्सव प्रदेश के रूप में होती है। प्रदेश में अलग-अलग धर्मों को मानने वाले लोग रहते हैं लेकिन कहीं कोई अशांति नहीं है। यही कारण है कि दुनिया भर के निवेशक यूपी में निवेश के लिए आकर्षित हो रहे हैं।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें - अयोध्या हादसे की कहानी चश्मदीदों की जुबानी: बस में फंसे थे यात्री, हर तरफ थी चीख-पुकार... पर हम कुछ न कर सके
विज्ञापन
ये भी पढ़ें - यूपी निकाय चुनाव: ईद की नमाज के बाद मुस्लिम धर्मगुरुओं की अपील, वोट करके मतदान प्रतिशत बढ़ाएं
पारदर्शी तरीके से हो रही भर्ती
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि जब हमने वर्ष 2017 में सूबे की कमान संभाली थी तो उस समय देखने को मिला था कि उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग, अधीनस्थ सेवा चयन आयोग, उच्चतर शिक्षा चयन आयोग और माध्यमिक शिक्षा चयन आयोग से जुड़ी परीक्षाओं में शिकायतों का अंबार लगा हुआ था। कई भर्ती प्रक्रियाओं में न्यायालय से स्टे चल रहा था। कुछ मामलों में कोर्ट ने गंभीर टिप्पणियां भी कर रखी थीं।
यूपी पुलिस में डेढ़ लाख पद खाली पड़े थे क्योंकि इस पर सुप्रीम कोर्ट का स्टे था। मैंने अधिकारियों से कहा कि भर्ती को लेकर जो भी कमियां थीं उसे दूर करिए। पहले प्रक्रिया पारदर्शी नहीं थी। उस समय भर्ती प्रक्रिया में भाई-भतीजावाद और जातिवाद का मुखौटा लगाकर योग्यता और प्रतिभा के साथ अन्याय होता था। ऐसे में हमने भर्ती प्रक्रिया को पारदर्शी करने के लिए अच्छे ईमानदार लोगों की टीम तैयार की। पिछले 6 वर्षों में पुलिस विभाग में एक लाख 64 हजार से अधिक पदों को पारदर्शी तरीके से भरा गया।