फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Jammu News ›   Universities will not be allowed to become centers of radical politics: Ramesh Pokhriyal

विश्वविद्यालयों को कट्टरपंथ की राजनीति का केंद्र बनने नहीं दिया जाएगा: रमेश पोखरियाल

Fri, 24 Jan 2020 08:11 PM IST
Pranjal Dixit न्यूज डेस्क, अमर उजाला, श्रीनगर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, श्रीनगर Published by: Pranjal Dixit Updated Fri, 24 Jan 2020 08:11 PM IST
सार

  • कहा केंद्र की योजनाओं के तहत घाटी का कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित नहीं रहेगा
  • 134 करोड़ की लागत से बनी 45 परियोजनाओं का किया उदघाटन

विज्ञापन
Universities will not be allowed to become centers of radical politics: Ramesh Pokhriyal
रमेश पोखरियाल निशंक - फोटो : ट्विटर

विस्तार

केंद्रीय मानव संसाधन और विकास मंत्री रमेश पोखरियाल ने कहा कि देश के सभी विश्वविद्यालय शिक्षा के केंद्र हैं, इसलिए यहां को कट्टरपंथ जैसी गंदी राजनीति का केंद्र कभी भी नहीं बनने देंगे। उन्होंने श्रीनगर के एसकेआईसीसी से करीब 134 करोड़ की लागत से बनी 45 परियोजनाओं का उद्घाटन किया। कहा कि घाटी का कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित नहीं रह पाएगा।
विज्ञापन


रमेश पोखरियाल ने शुक्रवार को श्रीनगर के शेर-ए-कश्मीर इंटरनेशनल कन्वेन्शन सेंटर (एसकेआईसीसी) में पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि उन्हें इस बात की काफी खुशी है कि आज करीब 45 ऐसी परियोजनाओं का उद्घाटन किया गया जिसमें स्कूली शिक्षा, महिला शिक्षा, छात्रावास, स्कूल, एनआईटी, विश्वविद्यालय आईआईएम की शाखा जैसी कई परियोजनाएं शामिल हैं। 
विज्ञापन


पोखरियाल ने इसे कश्मीर के लोगों के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का तोहफा बताते हुए कहा कि उनकी ओर से यह भेंट करने के लिए ही वह यहां आए हैं। केंद्रीय मंत्री ने श्रीनगर में 25 स्मार्ट स्कूल का भी उद्घाटन किया। 
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed