{"_id":"65246a27c21dbca28b025227","slug":"syndicate-metting-jammu-university-jammu-news-c-10-jmu1037-219653-2023-10-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"खास मौका: जम्मू विश्वविद्यालय से PhD करने पर दिव्यांग अभ्यर्थियों की नहीं लगेगी फीस, इन फैसलों पर मुहर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
खास मौका: जम्मू विश्वविद्यालय से PhD करने पर दिव्यांग अभ्यर्थियों की नहीं लगेगी फीस, इन फैसलों पर मुहर
Tue, 10 Oct 2023 05:07 PM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
Published by: जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
Updated Tue, 10 Oct 2023 05:07 PM IST
सार
सिंडिकेट ने जेयू में एक साथ दो शैक्षणिक कार्यक्रम चलाने की योजना शुरू करने, अनुसंधान और विकास सेल की स्थापना के लिए दिशानिर्देशों को अपनाया। जेयू की अनुसंधान नीति बनाने का फैसला लिया।
विज्ञापन
Jammu University
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
जम्मू विश्वविद्यालय (जेयू) से पीएचडी करने वाले दृष्टिबाधित और शारीरिक रूप से अक्षम (अस्थि बाधित) विद्यार्थियों को फीस नहीं देनी पड़ेगी। जेयू ने ऐसे विद्यार्थियों के लिए पाठ्यक्रम शुल्क माफ किया है। ये फैसला जम्मू विश्वविद्यालय की 120वीं सिंडीकेट बैठक में लिया लिया गया। ये बैठक जेयू के कुलपति प्रो. उमेश राय की अध्यक्षता में हुई, जिसमें उच्च शिक्षा विभाग के प्रमुख सचिव आलोक कुमार मौजूद रहे।
बैठक में कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर मंजूरी दी गई। सिंडिकेट ने जेयू में एक साथ दो शैक्षणिक कार्यक्रम चलाने की योजना शुरू करने, अनुसंधान और विकास सेल की स्थापना के लिए दिशानिर्देशों को अपनाया। जेयू की अनुसंधान नीति बनाने का फैसला लिया। साथ ही कानून विभाग में बौद्धिक संपदा कानून में स्नातकोत्तर डिप्लोमा पाठ्यक्रम और बौद्धिक संपदा कानून में स्नातकोत्तर डिप्लोमा पाठ्यक्रम शुरू करने का फैसला लिया गया।
कुलपति प्रो. उमेश राय ने नवाचार और उद्यमिता का पारिस्थितिकी तंत्र बनाने में विश्वविद्यालय की पहलों के बारे में बताया। जेयू के रजिस्ट्रार प्रो. राहुल गुप्ता ने बैठक में 59 एजेंडा प्रस्तुत किए। जेयू से पीएचडी करने पर दृष्टि और शारीरिक रूप अक्षम अभ्यर्थियों को फीस में छूट के साथ 2023-24 शैक्षणिक सत्र से बौद्धिक संपदा कानून में स्नातकोत्तर डिप्लोमा पाठ्यक्रम, कानून विभाग में मीडिया और कानून में स्नातकोत्तर डिप्लोमा पाठ्यक्रम, कानून विभाग में अपराध विज्ञान और पुलिस विज्ञान में स्नातकोत्तर डिप्लोमा पाठ्यक्रम, लोक प्रशासन में मास्टर डिग्री कार्यक्रम शुरू करने का फैसला लिया। अनुसंधान नीति तैयार करने का फैसला लिया गया। ब्यूरो
विज्ञापन
अगले सत्र से कठुआ कैंपस में होटल प्रबंधन की पढ़ाई
आतिथ्य उद्योग में कुशल पेशेवरों की मांग है। प्रदेश के युवा इस क्षेत्र में रोजगार पा सकें, इसके लिए सिंडिकेट ने शैक्षणिक सत्र 2024-25 से जम्मू विश्वविद्यालय के कठुआ परिसर में होटल प्रबंधन (बीएचएम) कार्यक्रम में चार वर्षीय बैचलर डिग्री कोर्स शुरू करने का फैसला लिया। वहीं, अच्छे अंक लेने वाले एमबीबीएस छात्रों के लिए बायो-कैमिस्ट्री विभाग जीएमसी, जम्मू की एसोसिएट प्रो. स्वर्गीय डॉ. कपिला रैना की स्मृति में संस्थागत स्वर्ण पदक का फैसला लिया है। बैठक में इग्नू के शिक्षा विभाग के प्रो. चंद्र भूषण शर्मा, दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रबंधन अध्ययन विभाग की प्रो. सुनीता सिंह सेनगुप्ता, सामाजिक विज्ञान संकाय की डीन प्रो. संगीता रानी, गणित विभाग के प्रो. केएस चाढ़क मौजूद थे।
विज्ञापन
बैठक में कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर मंजूरी दी गई। सिंडिकेट ने जेयू में एक साथ दो शैक्षणिक कार्यक्रम चलाने की योजना शुरू करने, अनुसंधान और विकास सेल की स्थापना के लिए दिशानिर्देशों को अपनाया। जेयू की अनुसंधान नीति बनाने का फैसला लिया। साथ ही कानून विभाग में बौद्धिक संपदा कानून में स्नातकोत्तर डिप्लोमा पाठ्यक्रम और बौद्धिक संपदा कानून में स्नातकोत्तर डिप्लोमा पाठ्यक्रम शुरू करने का फैसला लिया गया।
विज्ञापन
कुलपति प्रो. उमेश राय ने नवाचार और उद्यमिता का पारिस्थितिकी तंत्र बनाने में विश्वविद्यालय की पहलों के बारे में बताया। जेयू के रजिस्ट्रार प्रो. राहुल गुप्ता ने बैठक में 59 एजेंडा प्रस्तुत किए। जेयू से पीएचडी करने पर दृष्टि और शारीरिक रूप अक्षम अभ्यर्थियों को फीस में छूट के साथ 2023-24 शैक्षणिक सत्र से बौद्धिक संपदा कानून में स्नातकोत्तर डिप्लोमा पाठ्यक्रम, कानून विभाग में मीडिया और कानून में स्नातकोत्तर डिप्लोमा पाठ्यक्रम, कानून विभाग में अपराध विज्ञान और पुलिस विज्ञान में स्नातकोत्तर डिप्लोमा पाठ्यक्रम, लोक प्रशासन में मास्टर डिग्री कार्यक्रम शुरू करने का फैसला लिया। अनुसंधान नीति तैयार करने का फैसला लिया गया। ब्यूरो
विज्ञापन
अगले सत्र से कठुआ कैंपस में होटल प्रबंधन की पढ़ाई
आतिथ्य उद्योग में कुशल पेशेवरों की मांग है। प्रदेश के युवा इस क्षेत्र में रोजगार पा सकें, इसके लिए सिंडिकेट ने शैक्षणिक सत्र 2024-25 से जम्मू विश्वविद्यालय के कठुआ परिसर में होटल प्रबंधन (बीएचएम) कार्यक्रम में चार वर्षीय बैचलर डिग्री कोर्स शुरू करने का फैसला लिया। वहीं, अच्छे अंक लेने वाले एमबीबीएस छात्रों के लिए बायो-कैमिस्ट्री विभाग जीएमसी, जम्मू की एसोसिएट प्रो. स्वर्गीय डॉ. कपिला रैना की स्मृति में संस्थागत स्वर्ण पदक का फैसला लिया है। बैठक में इग्नू के शिक्षा विभाग के प्रो. चंद्र भूषण शर्मा, दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रबंधन अध्ययन विभाग की प्रो. सुनीता सिंह सेनगुप्ता, सामाजिक विज्ञान संकाय की डीन प्रो. संगीता रानी, गणित विभाग के प्रो. केएस चाढ़क मौजूद थे।