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‘पीडीपी-भाजपा ने जम्मू-कश्मीर को अधर में छोड़ा’
Updated Tue, 01 Mar 2016 10:30 PM IST
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जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री और नेशनल कांफ्रेंस के कार्यकारी अध्यक्ष उमर अब्दुल्ला ने मंगलवार को बीरवाह में दूसरे विधानसभा क्षेत्र कार्यालय का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने बीरवाह विधानसभा क्षेत्र के 14 वार्डों के विकास के लिए 21 लाख रुपयों का आवंटन किया।
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उन्होंने यह भी घोषणा की कि आने वाले दिनों में 60 लाख रुपये और दिए जाएंगे। इसके अलावा उन्होंने खाग, पोषकर, नारबल और मागाम के लिए 60 लाख रुपयों से एंबुलेंस दीं।
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उमर अब्दुल्ला ने पीडीपी-भाजपा गठबंधन पर निशाना साधते हुए कहा कि सरकार गठन को लेकर अस्पष्टता से राज्य में राजनीतिक माहौल प्रभावित हुआ है। दोनों ने राज्य को अधर में छोड़ दिया है। उन्होंने कहा कि अब तो महबूबा ने स्वयं स्वीकारा है कि इस 10 महीने के दौरान जनता को कोई लाभ नहीं पहुंचा।
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उमर ने पीडीपी-भाजपा पर जमकर साधा निशाना
उमर के अनुसार हर गुजरते दिन के साथ राज्य में अनिश्चितता बढ़ती जा रही है। उन्होंने कहा कि पीडीपी दुबारा से उनके साथ सरकार का गठन करने को तैयार है, जिन्होंने खुलेआम मुसलमानों के खिलाफ देश में जारी जंग की वकालत करते हैं। क्या पीडीपी इन्हीं लोगों के साथ गठबंधन में रहना चाहती है?
उमर ने कहा कि जम्मू-कश्मीर के लोगों ने देखा है कि कैसे राज्य के भीतर माहौल का ध्रवीकरण किया गया है। एक ओर कश्मीरी ट्रक ड्राइवरों को जिंदा उधमपुर में जलाया गया, तो दूसरी ओर आरएसएस को अनुमति दी जाती है हथियारों समेत रैली आयोजित करने की, ताकि वह अल्पसंख्यकों को परेशान और भयभीत कर सकें। क्या यह बदलाव है।
उमर के अनुसार अगर पीडीपी वास्तव में भाजपा या केंद्र से लोगों के हित के लिए कुछ मांगने के प्रयास में है तो उन्हें लोगों के सामने उन मांगों को सार्वजनिक करना चाहिए।
उमर ने कहा कि जम्मू-कश्मीर के लोगों ने देखा है कि कैसे राज्य के भीतर माहौल का ध्रवीकरण किया गया है। एक ओर कश्मीरी ट्रक ड्राइवरों को जिंदा उधमपुर में जलाया गया, तो दूसरी ओर आरएसएस को अनुमति दी जाती है हथियारों समेत रैली आयोजित करने की, ताकि वह अल्पसंख्यकों को परेशान और भयभीत कर सकें। क्या यह बदलाव है।
उमर के अनुसार अगर पीडीपी वास्तव में भाजपा या केंद्र से लोगों के हित के लिए कुछ मांगने के प्रयास में है तो उन्हें लोगों के सामने उन मांगों को सार्वजनिक करना चाहिए।