पारा गिरने के बाद भी नहीं मिला छुटकारा, जारी है मौत के मच्छर का कहर, आंकड़ा पहुंचा 400
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पारा गिरने के बावजूद डेंगू से छुटकारा नहीं मिला है। गुरुवार को पांच नए पॉजिटिव मामलों के साथ जम्मू संभाग में डेंगू के मामलों का आंकड़ा 400 तक पहुंच गया है। वहीं, दर्जनों संदिग्ध मरीजों के सैंपलों की रिपोर्ट आना बाकी है। पॉजिटिव मामलों में जम्मू जिला सबसे ऊपर है।
अस्पतालों में बड़ी संख्या में संदिग्ध बुखार के मरीजों को इलाज दिया जा रहा है। हालांकि राहत यह है कि आधिकारिक तौर पर अभी डेंगू से किसी मौत की पुष्टि नहीं हुई है। लेकिन बड़ी संख्या में पाजिटिव मामलों में डेंगू के पीड़ित दूसरे राज्यों के अस्पतालों का भी रुख कर रहे हैं। विशेषज्ञों के अनुसार नवंबर के आखिर तक तापमान में और गिरावट होने पर डेंगू पर अंकुश लग सकेगा।
गुरुवार को गांधीनगर अस्पताल से लिए गए पांच सैंपलों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई। जम्मू जिले में अब तक 150 लोग डेंगू से पीड़ित हो चुके हैं। सांबा जिले में 111, कठुआ में 73, राजोरी में 24 मामले पॉजिटिव पाए गए हैं। अन्य जिलों में भी डेंगू के मामले पाए गए हैं। डेंगू के लिए अभी मौसम अनुकूल बना हुआ है।
कैसे करें बचाव
संभाग में डेंगू के लिए जिम्मेदार एलबोपिक्टिस और एडिस एजिप्टी नामक मादा मच्छर का लारवा (अंडा) एक साल तक खराब नहीं होता है। यह साफ पानी में पैदा होने वाला मच्छर 16-40 डिग्री तक के तापमान में बीमार कर सकता है।
जम्मू में अभी 22 से 30 डिग्री के बीच तापमान है। वर्ष 2018 में जम्मू संभाग में मलेरिया के 168 और डेंगू के 214 पॉजिटिव मामले सामने आए थे। लेकिन, वर्ष 2013 में रिकॉर्ड 1838 पाजिटिव डेंगू के मामले जम्मू संभाग में आए थे। इसमें 698 मलेरिया के पॉजिटिव मामले भी शामिल थे। उस समय कई पीड़ितों की जान चली गई थी।
कैसे करें बचाव
1. कूलर, गमलों, टूटे बर्तनों, टायरों में पानी ज्यादा देर तक जमा न रहने दें
2. घर में मच्छरों के खात्मे के लिए सभी उपाय अपनाएं
3. बंद नालियाें, निर्माण स्थल, कवर न रहने वाले टैंक आदि पर विशेष ध्यान दें
4. शरीर को ढककर रखने वाले परिधान पहनें
5. बच्चों में डेंगू के प्रति जागरूकता बढ़ाएं
6. दिन के समय भी डेंगू से बचाव के सभी उपाय करें