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NIA के छापे के बाद अलगाववादी पस्त, साख बचाने की रणनीति के लिए बुलाई आपात बैठक

Mon, 05 Jun 2017 12:23 AM IST
amarujala.com- Written by: बृजेश कुमार सिंह, Presented by: श्रेयांश त्रिपाठी
amarujala.com- Written by: बृजेश कुमार सिंह, Presented by: श्रेयांश त्रिपाठी Updated Mon, 05 Jun 2017 12:23 AM IST
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NIA raids made separatists down in kashmir
सैयद अली शाह ग‌िलानी - फोटो : फाइल फोटो

टेरर फंडिंग मामले में एनआईए की लगातार छापेमारी से अलगाववादी खेमे में हड़कंप है। अब वे अपने चेहरे को पाक साफ दिखाने के मकसद से आगे की रणनीति बनाने में जुट गए हैं, ताकि आम कश्मीरियों के बीच विश्वास कायम रह सके। अलगाववादियों की सबसे बड़ी चिंता है कि यदि कश्मीरी अवाम ने उनकी हकीकत जान ली तो उनके आंदोलन को तगड़ा झटका लग सकता है। 

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अलगाववादियों को डर है कि यदि जनता ने वास्तविकता जान ली तो वे समर्थन देने से कतरा सकते हैं। ऐसे में घाटी में उनका जनाधार खिसक सकता है। सूत्रों का कहना है कि शनिवार को छापेमारी के बाद घबराई हुर्रियत (जी), हुर्रियत (एम), जेकेएलएफ और कुछ अन्य अलगाववादी नेताओं की हुई बैठक में पूरी स्थिति पर विचार किया गया। भविष्य की रणनीति बनाई गई। साथ ही चेताया गया कि यदि छापेमारी नहीं रुकी तो सड़कों पर उतरकर विरोध प्रदर्शन किया जाएगा।
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यह रणनीति बनाई गई कि आम कश्मीरियों के बीच इस छापेमारी को लेकर यह प्रचारित किया जाए कि केंद्र सरकार ने अलगाववादियों को बदनाम करने के लिए छापे डलवाए हैं। यह अलगाववादियों सहित आम कश्मीरियों को परेशान करने की साजिश है। इसके खिलाफ लोगों को एकजुट किया जाए और निर्णायक लड़ाई लड़ी जाए। 

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केंद्र के खिलाफ आम कश्मीरियों में दुष्प्रचार करते हैं अलगाववादी

NIA raids made separatists down in kashmir
अलगाववादी नेता सैय्यद अली शाह गिलानी - फोटो : फाइल फोटो

आम कश्मीरियों के बीच अलगाववादियों की ओर से लगातार केंद्र सरकार के खिलाफ विष वमन किया जाता रहा है। उन्हें यह समझाया जाता रहा है कि उनका हित पाकिस्तान के साथ है। अलगाववादियों की एक कॉल पर लोग बंद को बेमन से ही सही समर्थन देने को विवश रहते हैं।

यही वजह है कि आतंकी बुरहान वानी के मारे जाने के बाद घाटी में चार महीने से अधिक समय तक लगातार बंद रहा। बाद में लोग इस बंद से ऊब गए और अवाम की नब्ज पहचानते हुए अलगाववादियों ने बंद की कॉल को धीरे-धीरे कम करना शुरू कर दिया। 

एनआईए छापेे से बरामद दस्तावेजों की जांच में जुटी

NIA raids made separatists down in kashmir
एनआईए - फोटो : File Photo
एनआईए छापे से बरामद दस्तावेजों की जांच में जुट गई है। एनआईए सूत्रों का कहना है कि छापे के दौरान बरामद लैपटाप, मोबाइल तथा अन्य दस्तावेजों की जांच की जा रही है। फोन कॉल के डिटेल खंगाले जा रहे हैं। इसके साथ ही लैपटाप तथा मोबाइल के डाटा को खंगाला जा रहा है। बैंक खातों की जांच भी की जा रही है, ताकि लेन-देन का सही-सही पता लगाया जा सके। 
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