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सभी जिला आयुक्त और अधिकारी व्यक्तिगत वन अधिकारों की संतृप्ति पर ध्यान दें : एलजी
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श्रीनगर। उप राज्यपाल मनोज सिन्हा ने राजभवन श्रीनगर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा विकसित भारत संकल्प यात्रा के शुभारंभ समारोह में वर्चुअली भाग लिया। जम्मू-कश्मीर में बुद्धल, राजोरी और गुरेज, बांदीपोरा से संकल्प लांचिंग समारोह में लोग, पंचायती राज संस्थान और सरकारी अधिकारी शामिल हुए। इस दौरान यात्रा को हरी झंडी दिखाई गई। उन्होंने सभी जिला आयुक्तों और प्रशासनिक अधिकारियों से व्यक्तिगत वन अधिकारों की संतृप्ति पर ध्यान देने को कहा।
उप राज्यपाल ने महान जनजातीय स्वतंत्रता सैनानी भगवान बिरसा मुंडा की जयंती पर प्रमुख योजनाओं की संतृप्ति हासिल करने के लिए बांदीपोरा और राजोरी के आदिवासी जिलों में आउटरीच गतिविधियां शुरू करने के लिए प्रधानमंत्री मोदी का आभार व्यक्त किया। उन्होंने विकसित भारत संकल्प यात्रा पहल की सराहना की, जिसका उद्देश्य उन कमजोर लोगों तक पहुंचना है जो विभिन्न योजनाओं के तहत पात्र हैं लेकिन लाभान्वित नहीं हुए हैं।
उप राज्यपाल ने जनजातीय आबादी के कल्याण के लिए प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन में यूटी प्रशासन के प्रयासों को साझा किया। कहा कि अगस्त 2019 से आदिवासी कल्याण को प्रशासन द्वारा सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है और जम्मू-कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश के जनजातीय समुदायों को सशक्त बनाने के लिए विभिन्न क्षेत्रों में विभिन्न पहल शुरू की गई हैं। उन्होंने कहा कि प्रशासन ने जनजातीय समुदायों के समग्र कल्याण के लिए महत्वपूर्ण पहल की है। उप राज्यपाल ने विकसित भारत संकल्प यात्रा के तहत जनजातीय जिलों के लिए स्किल सेल एनीमिया उन्मूलन, एकलव्य में नामांकन, छात्रवृत्ति, वन अधिकार उपाधि, स्वयं सहायता सहित अन्य क्षेत्रों पर ध्यान देने के लिए नागरिकों, हितधारकों, सामुदायिक नेताओं, सामाजिक संगठनों और प्रशासन से सामूहिक प्रयासों का आह्वान किया।
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उन्होंने सभी जिला आयुक्तों और प्रशासनिक अधिकारियों को व्यक्तिगत वन अधिकारों की संतृप्ति पर ध्यान केंद्रित करने का निर्देश दिया। राजोरी और बांदीपोरा के लाभार्थियों ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उप राज्यपाल के साथ अपने अनुभव साझा किए और कल्याणकारी योजनाओं के लिए आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर ''हमारा संकल्प, विकसित भारत'' की शपथ भी दिलाई गई। अन्य जिलों में आउटरीच गतिविधियां नवंबर के तीसरे सप्ताह से शुरू होंगी। आईईसी वैन के लिए रूट योजना तैयार की गई है और समग्र समन्वय के लिए यूटी और जिला स्तर पर नियंत्रण कक्ष भी स्थापित किया गया है।
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उप राज्यपाल ने महान जनजातीय स्वतंत्रता सैनानी भगवान बिरसा मुंडा की जयंती पर प्रमुख योजनाओं की संतृप्ति हासिल करने के लिए बांदीपोरा और राजोरी के आदिवासी जिलों में आउटरीच गतिविधियां शुरू करने के लिए प्रधानमंत्री मोदी का आभार व्यक्त किया। उन्होंने विकसित भारत संकल्प यात्रा पहल की सराहना की, जिसका उद्देश्य उन कमजोर लोगों तक पहुंचना है जो विभिन्न योजनाओं के तहत पात्र हैं लेकिन लाभान्वित नहीं हुए हैं।
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उप राज्यपाल ने जनजातीय आबादी के कल्याण के लिए प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन में यूटी प्रशासन के प्रयासों को साझा किया। कहा कि अगस्त 2019 से आदिवासी कल्याण को प्रशासन द्वारा सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है और जम्मू-कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश के जनजातीय समुदायों को सशक्त बनाने के लिए विभिन्न क्षेत्रों में विभिन्न पहल शुरू की गई हैं। उन्होंने कहा कि प्रशासन ने जनजातीय समुदायों के समग्र कल्याण के लिए महत्वपूर्ण पहल की है। उप राज्यपाल ने विकसित भारत संकल्प यात्रा के तहत जनजातीय जिलों के लिए स्किल सेल एनीमिया उन्मूलन, एकलव्य में नामांकन, छात्रवृत्ति, वन अधिकार उपाधि, स्वयं सहायता सहित अन्य क्षेत्रों पर ध्यान देने के लिए नागरिकों, हितधारकों, सामुदायिक नेताओं, सामाजिक संगठनों और प्रशासन से सामूहिक प्रयासों का आह्वान किया।
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उन्होंने सभी जिला आयुक्तों और प्रशासनिक अधिकारियों को व्यक्तिगत वन अधिकारों की संतृप्ति पर ध्यान केंद्रित करने का निर्देश दिया। राजोरी और बांदीपोरा के लाभार्थियों ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उप राज्यपाल के साथ अपने अनुभव साझा किए और कल्याणकारी योजनाओं के लिए आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर ''हमारा संकल्प, विकसित भारत'' की शपथ भी दिलाई गई। अन्य जिलों में आउटरीच गतिविधियां नवंबर के तीसरे सप्ताह से शुरू होंगी। आईईसी वैन के लिए रूट योजना तैयार की गई है और समग्र समन्वय के लिए यूटी और जिला स्तर पर नियंत्रण कक्ष भी स्थापित किया गया है।